'देश में तेल-गैस की कोई कमी नहीं, 100% सप्लाई', मिडिल ईस्ट तनाव के बीच सरकार ने दी जानकारी – Jagran

कृपया धैर्य रखें।
सरकार ने बताया कि देश में घरेलू उपभोक्ताओं और सीएनजी परिवहन के लिए 100% प्राकृतिक गैस उपलब्ध है, और लगभग 95% एलपीजी बुकिंग ऑनलाइन हुई है। पेट्रोल-डीजल …और पढ़ें
घरेलू उपभोक्ताओं को 100% प्राकृतिक गैस आपूर्ति सुनिश्चित
जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में
डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। केंद्र सरकार ने सोमवार को बताया कि घरेलू उपभोक्ताओं और सीएनजी ट्रांसपोर्ट के लिए 100 प्रतिशत प्राकृतिक गैस की आपूर्ति सुनिश्चित की जा रही है। साथ ही, लगभग 95 प्रतिशत एलपीजी बुकिंग आनलाइन की गई है।
यहीं नहीं, देश में पेट्रोल और डीजल का भी पर्याप्त भंडार है। पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय की संयुक्त सचिव सुजाता शर्मा ने एक अंतर-मंत्रालयी ब्रीफिंग में बताया कि देश में वर्तमान मांग को पूरा करने के लिए पर्याप्त ईंधन भंडार उपलब्ध हैं।
उन्होंने कहा, ‘हमारी रिफाइनरियां पूरी तरह संचालन में हैं और कच्चे तेल का भी पर्याप्त भंडार है। हालांकि, कुछ जगह पर लोग घबराकर भी खरीदारी कर रहे हैं।’ सरकार ने घरेलू स्थिरता बनाए रखने के लिए कई कदम उठाए हैं जिनमें पेट्रोल और डीजल पर एक्साइज ड्यूटी में 10 रुपये की कमी भी शामिल है।
शर्मा ने पाइप्ड नेचुरल गैस (पीएनजी) नेटवर्क के विस्तार की जानकारी देते हुए कहा कि रक्षा मंत्रालय सहित कई केंद्रीय मंत्रालयों ने अपने आवासीय क्षेत्रों और यूनिटों में पीएनजी लगाने की पहल की है। उन्होंने बताया कि पिछले दो दिनों में एलपीजी गैस की लगभग 1.40 करोड़ बुकिंग की गई हैं, जिनमें से 92 लाख सिलिंडर भी वितरित किए गए हैं। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार ने वाणिज्यिक एलपीजी की उपलब्धता को लगभग 70% बढ़ा दिया है। उन्होंने कहा कि किसी भी वितरक पर गैस की कमी नहीं है।
शर्मा ने बताया कि कालाबाजारी और जमाखोरी रोकने लिए राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में छापेमारी जारी है। लगभग 2,500 जगह छापेमारी की गई और करीब 2,000 सिलिंडर जब्त किए गए। इसके अतिरिक्त वितरकों को लगभग 500 कारण बताओ नोटिस भी जारी किए गए। शर्मा ने नागरिकों से अनुरोध किया कि वे केवल आवश्यकतानुसार ईंधन खरीदें। घबराकर अतिरिक्त खरीदारी न करें।
प्रेट्र के अनुसार, केंद्र सरकार ने पश्चिम एशिया संकट के चलते एलपीजी की आपूर्ति में बाधा की वजह से उन 21 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में केरोसिन के वितरण की 60 दिनों के लिए अस्थायी अनुमति दी है जो पहले ही केरोसिन मुक्त क्षेत्र घोषित किए जा चुके हैं। यह कदम इसलिए उठाया गया है ताकि खाना पकाने में किसी को दिक्कत न आए। लोग एलपीजी के विकल्प के तौर पर केरोसिन का इस्तेमाल कर सकें।

source.freeslots dinogame telegram营销

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Toofani-News