बागपत की खेकड़ा तहसील में एंटी करप्शन टीम ने भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए एसडीएम के नाम पर रिश्वत लेने वाले एक प्राइवेट ड्राइवर को रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया है. आरोपी की पहचान निशु त्यागी के रूप में हुई है, जिसे एक लाख रुपये की रिश्वत लेते हुए दबोचा गया.
बताया जा रहा है कि आरोपी ने जमीन कुर्रेबंदी का मामला निपटाने के नाम पर दो लाख रुपये की डिमांड एसडीएम के बिहाफ पर की थी. शिकायतकर्ता अक्षय कुमार ने इस पूरे मामले की शिकायत एंटी करप्शन टीम से की थी, जिसके बाद जाल बिछाकर यह कार्रवाई की गई. टीम ने तहसील परिसर से ही आरोपी को रंगे हाथ पकड़ लिया और अपने साथ थाने ले गई.
शिकायतकर्ता के मुताबिक, उसका अपने ताऊ चाचा के साथ पुश्तैनी जमीन को लेकर विवाद चल रहा है, जिसके समाधान के लिए उसने तहसील में मुकदमा दायर किया था. इसी दौरान आरोपी ड्राइवर ने एसडीएम के नाम पर रिश्वत की मांग की. इस मामले में एक और बड़ा खुलासा सामने आया है.
एसडीएम के सरकारी ड्राइवर ने मीडिया के सामने आकर दावा किया है कि आरोपी एक प्राइवेट व्यक्ति है, जिसे अवैध वसूली के लिए रखा गया था. उसने यह भी आरोप लगाया कि उससे ड्राइविंग की जगह झाड़ू-पोंछा जैसे काम कराए जा रहे हैं. फिलहाल, एंटी करप्शन टीम पूरे मामले की जांच में जुटी है और यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि इस पूरे खेल में और कौन-कौन शामिल है.
बता दें कि बागपत की खेकड़ा तहसील में एंटी करप्शन टीम के द्वारा रिश्वत कांड में एसडीएम के ड्राइवर के पकड़े जाने के बाद हड़कंप की स्थिति है. फिलहाल एंटी करप्शन टीम की इस मामले में ड्राइवर के बयान और अन्य पहलुओं की बारीकी से जांच पड़ताल कर रही है.
Source: IOCL
We use cookies to improve your experience, analyze traffic, and personalize content. By clicking “Allow All Cookies”, you agree to our use of cookies.