Jhansi News : जेलर पर हमला करने वाले आरोपियों का अब तक कोई सुराग हाथ नहीं लगा है। पुलिस ने तमाम स्थानों पर दबिश दी, मगर नामजद आरोपी अभी तक गिरफ्त में नहीं आए हैं। बताया जा रहा है कि पैसा देकर भाड़े के अपराधियों से जेलर पर हमला करवाया गया है।
मालूम हो कि जिला कारागार के जेलर कस्तूरी लाल गुप्ता अपनी निजी कार से झांसी रेलवे स्टेशन की ओर जा रहे थे। यहां से वह ट्रेनिंग के लिए मुरादाबाद रवाना होना था। जैसे ही वह इलाहाबाद बैंक चौराहा से रेलवे स्टेशन की ओर जा रहे थे। इसी बीच चार पहिया वाहन से आए हमलावरों ने जेलर की कार रोककर उन्हें गाड़ी से बाहर खींच लिया और लाठी डंडों से हमला कर दिया था। हमले में घायल जेलर को जिला अस्पताल लाया गया था। जेलर ने कहा था कि उन पर हमला करने वाले झांसी जिला कारागार में बंद रहे कुख्यात अपराधी कमलेश यादव निवासी पुलिया नंबर नौ के पुत्र और उसके साथी थे। इस मामले में पुलिस ने कमलेश यादव व उसके बेटों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया था।
बताते हैं कि नामजद होने के बाद पुलिस ने आरोपियों को पकड़ने के लिए दबिश दी, मगर आरोपी घर पर नहीं मिले। आरोपियों के रिश्तेदारों को पूछताछ के लिए हिरासत में ले लिया। सूत्रों का कहना है कि कमलेश यादव और जेलर का कुछ दिनों पहले जुएं के फड़ को लेकर झगड़ा हुआ था। इसके बाद कमलेश यादव को हमीरपुर जेल स्थानांतरित कर दिया था, तभी से कमलेश यादव, जेलर से खुन्नस रखे हुए थे। हमीरपुर जेल में कमलेश यादव से कुछ लोगों ने मुलाकात की। मुलाकात के बाद जेलर पर हमला करवाया गया है। यह हमला भाड़े के अपराधियों ने किया है।
इन अपराधियों को पकड़ने के लिए पुलिस अपनी रणनीति तैयार कर रही है। मोबाइल फोन का लोकेशन भी लिया जा रहा है। यह पता लगाया जा रहा है कि हमला करने वाले कौन थे? कमलेश यादव के पुत्र या भाड़े के अपराधी? इस संबंध में एसपी सिटी ज्ञानेंद्र कुमार सिंह का कहना है कि आरोपियों की तलाश की जा रही है। इसके लिए टीमों का गठन किया गया है। टीमें लगातार छापेमार की कार्रवाई कर रही है।
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वर्तमान में न्यूज ट्रैक के साथ सफर जारी है। बाबा साहेब भीमराव अम्बेडकर विश्वविद्यालय से पत्रकारिता की पढ़ाई पूरी की। मैने अपने पत्रकारिता सफर की शुरुआत इंडिया एलाइव मैगजीन के साथ की। इसके बाद अमृत प्रभात, कैनविज टाइम्स, श्री टाइम्स अखबार में कई साल अपनी सेवाएं दी। इसके बाद न्यूज टाइम्स वेब पोर्टल, पाक्षिक मैगजीन के साथ सफर जारी रहा। विद्या भारती प्रचार विभाग के लिए मीडिया कोआर्डीनेटर के रूप में लगभग तीन साल सेवाएं दीं। पत्रकारिता में लगभग 12 साल का अनुभव है। राजनीति, क्राइम, हेल्थ और समाज से जुड़े मुद्दों पर खास दिलचस्पी है।