शिवसेना यूबीटी में बुधवार को बड़ी टूट हो सकती है। दरअसल, राजधानी दिल्ली में बढ़ी सांसदों की हलचल और बयानबाजी ने ऐसे संकेत दिए हैं। राज्यसभा सांसद संजय राउत ने आरोप लगाए हैं कि बागियों के 15 करोड़ रुपये की पेशकश की गई है। अब इसके जवाब में तृणमूल कांग्रेस सांसद महुआ मोइत्रा ने कहा है कि टीएमसी के बागियों को हर महीने 1 करोड़ रुपए का ऑफर था।
राउत ने लिखा, ‘अपना सपना मनी मनी। यह बहुत ही हैरान करने वाली बात है कि कथित तौर पर महाराष्ट्र के सांसदों को पाला बदलने के लिए आज रात 15 करोड़ रुपये एडवांस की पेशकश की गई है।’ मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, उन्होंने ये भी दावा किया है कि सांसदों को 50 करोड़ रुपये के ऑफर दिए गए हैं। साथ ही आरोप लगाए हैं कि नेताओं पर दबाव बनाया जा रहा है।
लोकसभा सांसद महुआ मोइत्रा ने राउत के इस दावे पर प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने लिखा, ‘सिर्फ 15 करोड़ रुपये? इतने सस्ते में क्यों जा रहे हैं? भरोसा कीजिए कि हमारे वालों को 4 करोड़ रुपये एडवांस मिले हैं और अगले 36 महीनों के कार्यकाल के लिए हर महीने ₹1 करोड़। …हनी प्लस मनी।’
राजाभाऊ वाजे का कहना है कि वह उद्धव ठाकरे के साथ हैं। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, संजय दीना पाटील ने भी साफ किया है वह उद्धव गुट के साथ बने हुए हैं। वहीं, पार्टी के राज्यसभा सांसद राउत का दावा है कि बागी हुए सांसदों के बाद दो तिहाई बहुमत नहीं है। वहीं, शिंदे गुट के नेताओं ने दावा किया है कि 7 सांसद संपर्क में हैं।
उद्धव ने रविवार को पार्टी सांसदों की बैठक बुलाई थी, जिसमें शिवसेना (UBT) के नौ लोकसभा सदस्यों में से केवल चार अरविंद सावंत, अनिल देसाई, राजाभाऊ वाजे और संजय पाटिल व्यक्तिगत रूप से शामिल हुए, जबकि ओमप्रकाश राजे निंबालकर, भाऊसाहेब वाकचौरे, नागेश बापुराव पाटिल अष्टिकर और संजय देशमुख बैठक से ऑनलाइन जुड़े थे।
राज्यसभा सदस्य संजय राउत ने अपनी पार्टी में एक और विभाजन की अटकलों से जुड़ी खबरों के बीच सोमवार को कहा, ‘जब हमारा दिन आएगा, तब हम दिखाएंगे कि पार्टी कैसे तोड़ी जाती है।’ उन्होंने यहां संसद भवन परिसर में संवाददाताओं से बातचीत में कहा, ‘मुझे इसके बारे में कोई जानकारी नहीं है। कोई संकट नहीं है। अगर कोई संकट आता है, तो हम उसे संभाल लेंगे।’ राउत ने कहा कि उनकी पार्टी की 60 साल पुरानी विरासत है और उसका अलग-अलग मुद्दों को लेकर आंदोलन करने का इतिहास रहा है।
निसर्ग दीक्षित न्यूजरूम में करीब एक दशक का अनुभव लिए निसर्ग दीक्षित शोर से ज़्यादा सार पर भरोसा करते हैं। पिछले 4 साल से वह लाइव हिनुस्तान में डिप्टी चीफ प्रोड्यूसर के रूप में कार्यरत हैं, जहां खबरों की योजना, लेखन, सत्यापन और प्रस्तुति की जिम्मेदारी संभालते हैं। इससे पहले दैनिक भास्कर और न्यूज़18 जैसे बड़े मीडिया संस्थानों में काम कर चुके हैं, जहाँ उन्होंने ग्राउंड रिपोर्टिंग से लेकर डेस्क तक की भूमिकाएं निभाईं। उन्होंने माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय से पत्रकारिता की पढ़ाई की, जिसने उनके काम करने के तरीके को व्यावहारिक और तथ्य आधारित बनाया। निसर्ग की खास रुचि खोजी रिपोर्टिंग, ब्रेकिंग स्टोरीज़ और विज़ुअल न्यूज़ स्टोरीज़ में है। वे जटिल मुद्दों को सरल भाषा और स्पष्ट तथ्यों के साथ प्रस्तुत करने में विश्वास रखते हैं। राजनीति और जांच पड़ताल से जुड़े विषयों पर उनकी मजबूत पकड़ है। निसर्ग लोकसभा चुनावों, कई राज्यों के विधानसभा चुनावों और अहम घटनाओं को कवर कर चुके हैं। साथ ही संसदीय कार्यवाही और सुप्रीम कोर्ट की महत्वपूर्ण सुनवाइयों को नियमित रूप से कवर करते हैं। गूगल जर्नलिस्ट्स स्टूडियो में भी निसर्ग योगदान देते हैं।
आरएसएस विज्ञापन र॓टहमार॓ साथ कामकरेंहमारे बारे मेंसंपर्क करेंगोपनीयतासाइट जानकारी
Advertise with usAbout usCareers Privacy Contact usSitemapCode Of Ethics
Partner sites: Hindustan TimesMintHT TechShineHT Auto HealthshotsHT SmartcastFAB Play