इंडिया ब्लॉक दिल्ली में मतदाता सूची से नाम काटे जाने (SIR) के विरोध में 23 अक्टूबर को मोहल्लों में विरोध प्रदर्शन और 1 नवंबर को रैली आयोजित करेगा।
इंडिया ब्लाॅक के राज्य स्तरीय घटक दलों की बैठक को संबोधित करते प्रदेश कांग्रेस के संगठन महासचिव अनिल भारद्वाज। सौजन्य : कांग्रेस
इंडिया ब्लॉक का SIR के खिलाफ मोहल्लों में विरोध।
मुख्य चुनाव आयुक्त को हटाने, SIR रद्द करने की मांग।
पुलिस कार्रवाई, पत्रकार बाधा की निंदा की गई।
राज्य ब्यूरो, नई दिल्ली। दिल्ली में SIRके तहत मतदाता सूची से नाम काटे जाने के विरोध में इंडिया ब्लॉक के राज्य स्तरीय घटक दलों की बैठक शुक्रवार को प्रदेश कांग्रेस कार्यालय राजीव भवन में हुई।
बैठक में 23 अक्टूबर को मोहल्लों, बस्तियों और गांवों में विरोध कार्यक्रम आयोजित करने तथा एक नवंबर की रैली को सफल बनाने पर सहमति बनी। इसके लिए पोस्टर, पर्चे और इंटरनेट मीडिया के माध्यम से एक सप्ताह तक जनजागरण अभियान चलाया जाएगा।
बैठक में सीपीआई, सीपीएम, सीपीआई (एमएल), आरएसपी, फारवर्ड ब्लॉक और राजद के प्रतिनिधि भी शामिल हुए। प्रदेश कांग्रेस के संगठन महासचिव अनिल भारद्वाज ने स्पष्ट किया कि आम आदमी पार्टी आइएनडीआइए गठबंधन का हिस्सा नहीं है।
गठबंधन में किसी अन्य दल को शामिल करने का फैसला कांग्रेस का केंद्रीय नेतृत्व सहयोगी दलों की सहमति से करेगा।
बैठक में नेताओं ने आरोप लगाया कि SIRके तहत दिल्ली में करीब 47 लाख मतदाताओं के नाम काटे गए और 33 लाख लोगों को नोटिस जारी किए गए।
उन्होंने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को हटाने, SIR रद करने, मतपत्र से चुनाव कराने और चुनाव आयुक्तों को आपराधिक मामलों में मिली छूट समाप्त करने की मांग को लेकर आंदोलन तेज करने का फैसला किया।
बैठक में प्रदर्शनकारियों के खिलाफ पुलिस कार्रवाई, पत्रकारों के काम में बाधा और महिला कार्यकर्ताओं के साथ दुर्व्यवहार की निंदा की गई। नेताओं ने जंतर-मंतर को दोबारा विरोध स्थल घोषित करने की मांग भी की।
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