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यहां देखें सूर्य ग्रहण लाइव
सूर्य ग्रहण 2026
Surya Grahan 2026 Live: सूर्य ग्रहण हुआ शुरू
Solar Eclipse 2026: सूर्य ग्रहण 2026
पूरी दुनिया में छा सकता है अंधेरा
इस 1 राशि के लिए सूर्य ग्रहण रहेगा शुभ
ग्रहण के समय भोजन क्यों नहीं किया जाता है?
सूर्य ग्रहण 2026
सूर्य ग्रहण में क्या करना होता है शुभ?
सूर्य ग्रहण 2026
ग्रहण के दौरान क्या करें?
पंडित प्रवीण मिश्र ने बताया कुंभ राशि वालों पर ऐसा पड़ेगा सूर्य ग्रहण का असर
सूर्य ग्रहण का धार्मिक महत्व
सूर्य ग्रहण 2026
ये सूर्य ग्रहण क्यों है खास?
सूर्य ग्रहण क्या होता है?
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सूर्य ग्रहण का देश-दुनिया पर प्रभाव
सूर्य ग्रहण
सूर्य ग्रहण
सूर्य ग्रहण पर रिंग ऑफ फायर का अद्भुत नजारा
तीन तरीकों से देखा जा सकता है सूर्य ग्रहण?
Surya Grahan 2026 Time: क्या नग्न आंखों से सूर्य ग्रहण देख सकते हैं?
कितनी प्रकार का होता है सूर्य ग्रहण?
एक महीने रहता है ग्रहण का असर
सूर्य ग्रहण का राशियों पर असर
सूर्य ग्रहण का राशियों पर असर
Surya Grahan 2026: सूर्य ग्रहण का राशियों पर असर
Surya Grahan 2026: सूर्य ग्रहण का राशियों पर असर
Surya Grahan Live: सूर्य ग्रहण का भारत पर कितना असर?
सूर्य ग्रहण ग्रहण का समय
सूर्य ग्रहण 2026
सूर्य का 96% हिस्सा ढक जाएगा
Surya Grahan 2026: सूर्य ग्रहण पर 37 साल बाद अद्भुत संयोग
Surya Grahan Sutak Kaal: सूतक या ग्रहण में नहीं करने चाहिए ये काम
Surya Grahan 2026 Live: कब बनता है रिंग ऑफ फायर?
Solar Eclipse 2026: आज कैसा होगा सूर्य ग्रहण का नजारा?
Surya Grahan Visibility: कहां-कहां दिखेगा सूर्य ग्रहण?
Surya Grahan Sutak Kaal: क्या भारत में लगेगा सूतक काल?
Solar Eclipse 2026: क्या भारत में दिखेगा सूर्य ग्रहण?
Surya Grahan 2026: सूर्य ग्रहण का समय क्या है?
Surya Grahan 2026 In India Time: आज साल का पहला सूर्य ग्रहण लगने वाला है. यह एक वलयाकार या कंकण सूर्य ग्रहण होगा, जो कुंभ राशि और धनिष्ठा नक्षत्र में जगह लेगा. भारतीय समयानुसार, सूर्य ग्रहण आज दोपहर 3 बजकर 26 मिनट से लेकर शाम 7 बजकर 57 मिनट तक रहेगा. शाम 5 बजकर 13 मिनट से लेकर शाम 6 बजकर 11 मिनट के बीच सूर्य ग्रहण अपने पीक पर होगा. इस बीच दुनिया के कई हिस्सों में ‘रिंग ऑफ फायर’ नजर आ सकता है. सूर्य ग्रहण में चंद्रमा सूर्य के लगभग 96 फीसदी हिस्से को ढक देगा. हालांकि यह सूर्य ग्रहण भारत में अदृश्य रहेगा. इसलिए यहां सूतक काल के नियम नहीं लागू होंगे. यहां जानें इस सूर्य ग्रहण से जुड़ा हर बड़ा अपडेट्स…
साल का पहला सूर्य ग्रहण जारी है. यहां देखें सूर्य ग्रहण की लाइव स्ट्रीमिंग…
ग्रहण के दौरान क्या करें और आज आसमान में कैसा दिखेगा सूर्य ग्रहण का नजारा? #SolarEclipse #SuryaGrahan #ATVideo | @ARPITAARYA pic.twitter.com/vgrK7W5ltO
साल का पहला सूर्य ग्रहण शुरू हो चुका है. भारतीय समयानुसार, सूर्य ग्रहण दोपहर 3 बजकर 26 मिनट से लेकर शाम 7 बजकर 57 मिनट तक रहेगा. शाम 5 बजकर 13 मिनट से लेकर शाम 6 बजकर 11 मिनट के बीच सूर्य ग्रहण अपने पीक पर होगा.
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खगोलविदों का कहना है कि इस सूर्य ग्रहण के दौरान जब आसमान में रिंग ऑफ फायर बनेगा, तब सूर्य का लगभग 96 फीसदी हिस्सा चंद्रमा के पीछे छिप जाएगा. यही वो समय होगा जब दुनियाभर के कई हिस्सों में अंधेरा छा सकता है. रिंग ऑफ फायर की परफेक्ट शेप शाम 5 बजकर 42 मिनट पर दिखाई देगी.
यह सूर्य ग्रहण मेष राशि वालों के लिए शुभ संकेत लेकर आ रहा है. लंबे समय से अटके हुए कार्यों में अब गति आ सकती है और परिस्थितियां आपके पक्ष में मुड़ती हुई दिखाई देंगी. इस दौरान आपका आत्मविश्वास बढ़ेगा
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, ग्रहण के दौरान भोजन नहीं करना चाहिए. कहा जाता है कि इस समय वातावरण में सूक्ष्म बदलाव होते हैं जिससे भोजन की शुद्धता प्रभावित हो सकती है. हालांकि वैज्ञानिक रूप से इसका कोई ठोस प्रमाण नहीं है. इसलिए इसे आस्था से जुड़ा विषय माना जाता है.
इन जगहों पर दिखाई देगा साल का पहला सूर्य ग्रहण
कहां दिखाई देगा पहला Surya Grahan?
लगने वाला है साल का पहला Surya Grahan! जानें समय और स्थान#SolarEclipse #ATReel #ATDigital pic.twitter.com/rLPqJqmSEb
1. इस दौरान सूर्य देव के मंत्रों का जाप करें जैसे ऊं सूर्याय नमः या आदित्य हृदय स्तोत्र का पाठ.
2. ग्रहण समाप्ति के बाद गरीबों को अन्न, वस्त्र या धन का दान जरूर करें.
3. ग्रहण समाप्त होने के बाद गंगाजल मिलाकर स्नान करें.
जब सूर्यग्रहण भारत में नहीं दिख रहा तो सूतक लगेगा या नहीं?
क्या होगा सभी राशियों पर असर? सुनिए ज्योतिषी @AstropraveenJi जी को#SolarEclipse #SuryaGrahan2026 #ATVideo @ARPITAARYA pic.twitter.com/I2utGL4HGW
आज यह ग्रहण भारत में दृश्यमान नहीं होगा, इसलिए यहां किसी विशेष सावधानी की जरूरत नहीं होगी. जहां ग्रहण दिखेगा, वहां लोग मंत्र जप, ध्यान या पूजा कर सकते हैं. ग्रहण समाप्त होने के बाद स्नान और दान करना शुभ माना जाता है. यह पूरी तरह व्यक्तिगत विश्वास पर निर्भर करता है.
ज्योतिषी @AstropraveenJi ने बताया मकर, कुंभ और मीन राशि पर ग्रहण का क्या होगा प्रभाव?
खगोलशास्त्री Amitabh Pandey और ज्योतिषी Ajai Bhambi ने सूर्य ग्रहण पर क्या कुछ कहा सुनिए#SolarEclipse #SuryaGrahan #ATVideo @ARPITAARYA pic.twitter.com/44tfIO28Us
ज्योतिषियों के अनुसार, पहले पूर्ण सूर्य ग्रहण के दिन अमृत मंथन हुआ था. इसी दिन श्रीराम ने खर और दूषण का वध किया था. साथ ही, पांडव चौसर के खेल में सबकुछ हार गए थे और इसी दिन अर्जुन ने जयद्रथ को मारा था. ग्रहण के कारण ही श्रीकृष्ण की नगरी द्वारका समुद्र में समा गई थी.
ज्योतिषी Ajai Bhambi जी ने कहा कि “जो आने वाले 20 साल में ग्रहण लगेंगे वो अगले 25 साल का भविष्य तय करेंगे…” सुनिए#SolarEclipse #SuryaGrahan #ATVideo @ARPITAARYA pic.twitter.com/evKkbwcml7
पंडित प्रवीण मिश्र के मुताबिक, साल का पहले सूर्य ग्रहण पर आज ग्रहों की बहुत ही विशेष दशा बन रही है. दरअसल, ग्रहण के दौरान 5 ग्रह कुंभ राशि में बैठे होंगे. यानी उस समय शनि की राशि कुंभ में सूर्य, चंद्रमा, बुध, शुक्र और राहु एक साथ बैठे होंगे.
जब सूर्य, चंद्रमा और पृथ्वी एक सीध में आ जाते हैं और चंद्रमा सूर्य और पृथ्वी के बीच आ जाता है, तब सूर्य की रोशनी कुछ समय के लिए पृथ्वी तक नहीं पहुंच पाती. चंद्रमा की छाया पृथ्वी पर पड़ती है और जहां यह छाया पड़ती है, वहां सूर्य ग्रहण दिखाई देता है.
विज्ञान के नजरिए से क्या है सूर्य ग्रहण?
खगोलशास्त्री अमिताभ पांडे ने सूर्य ग्रहण के सवाल पर नरक का मुद्दा क्यों उठाया? इस पर क्या बोले ज्योतिषी @AstropraveenJi
साथ ही ग्रहण का वैज्ञानिक कारण समझिए.#SolarEclipse #SuryaGrahan #ATVideo @ARPITAARYA pic.twitter.com/cbUseShTpZ
ज्योतिषीय गणनाओं के अनुसार, ग्रहण के समय मिथुन लग्न रहेगा. उस समय अष्टम भाव में मंगल और नवम भाव में सूर्य, चंद्रमा और राहु की युति से ग्रहण योग बन रहा है. सूर्य, चंद्रमा और शनि की डिग्री भी एक-दूसरे के करीब मानी जा रही है. मिथुन लग्न का संबंध संचार और मीडिया से माना जाता है. इसलिए कुछ ज्योतिषियों का मानना है कि इस दौरान मोबाइल नेटवर्क, इंटरनेट, सैटेलाइट सिस्टम या ड्रोन तकनीक से जुड़ी अस्थायी दिक्कतें देखने को मिल सकती हैं.
आज आसमान में कैसा दिखेगा सूर्य ग्रहण का नजारा?
साल 2026 का पहला सूर्य ग्रहण… आसमान में दिखेगी ‘रिंग ऑफ फायर।’ स्वाइप कर जानिए भारत में इसका असर होगा या नहीं।#SolarEclipse #SuryaGrahan #AajTakSocial pic.twitter.com/HespAI6wRY
बहुत ही अद्भुत है आज लगने वाला सूर्य ग्रहण
ग्रहण से पहले सूरज में हुआ काला गड्ढा… 18 को आएगा भयानक सौर तूफान
सूर्य ग्रहण से पहले सूरज पर 8 लाख किलोमीटर से ज्यादा चौड़ा विशाल कोरोनल गड्ढा हो गया है. इसका मुंह पृथ्वी की ओर है. 16 फरवरी को इससे G2 भू-चुंबकीय तूफान आया. सूर्य से निकलने वाली हवा 700 किमी/सेकंड की रफ्तार से… pic.twitter.com/b9noxXL1qe
साल के पहले सूर्य ग्रहण पर आज जब ग्रहण अपनी पीक टाइमिंग शाम करीब 5 बजकर 42 मिनट पर पहुंचेगा तो उस समय आकाश में बेहद खास नजारा देखने को मिलेगा. जो कि करीब 2 मिनट 20 सेकेंड का होगा. उस दौरान चंद्रमा सूर्य के सामने इस तरह आ जाएगा कि वह उसकी लगभग 96 प्रतिशत रोशनी को ढक लेगा. सूर्य का ज्यादातर हिस्सा छिप जाएगा और सिर्फ किनारों से हल्की चमक नजर आएगी. देखने वालों को ऐसा एहसास होगा मानो सूरज के चारों ओर आग की पतली सी अंगूठी चमक रही हो. यही वजह है कि इसी को रिंग ऑफ फायर कहा जा रहा है.
वैज्ञानिकों का कहना है कि नग्न या खुली आंखों से सूर्य ग्रहण कभी नहीं देखना चाहिए. इससे आंखों के रेटिना को नुकसान हो सकता है.
पूर्ण सूर्य ग्रहण: जब चंद्रमा सूर्य को पूरी तरह ढक लेता है.
आंशिक सूर्य ग्रहण: जब चंद्रमा सूर्य का केवल कुछ हिस्सा ही ढकता है.
वलयाकार सूर्य ग्रहण: जब चंद्रमा सूर्य और पृथ्वी के ठीक बीच में होता है, लेकिन सूर्य की चंद्रमा से ज्यादा दूरी होने के कारण सूर्य किनारों से चमकता हुआ दिखाई पड़ता है. इसे ही वलायाकार या कंकण सूर्य ग्रहण कहा जाता है.
मकर- वैवाहिक जीवन का ख्याल रखें. बेवजह के विवाद में न पड़ें.
कुंभ- चोट-दुर्घटना से सावधान रहें. जल्दबाजी में लिए निर्णय नुकसान देंगे. धन हानि संभव है.
मीन- दुर्घटनाओं और वाद-विवाद से बचें. करियर में किसी प्रकार का कोई जोखिम न लें.
तुला- रोग-बीमारी परेशान कर सकती हैं. करियर में अचानक उतार-चढ़ाव आ सकते हैं.
वृश्चिक- कार्यों में लापरवाही न करें. स्वास्थ्य का बहुत ध्यान रखें.
धनु- स्वास्थ्य और मानसिक स्थिति में सुधार होगा. नए काम की शुरुआत के लिए समय अच्छा है.
कर्क- स्वास्थ्य का ध्यान रखना होगा. यात्राओं में सावधानी रखें.
सिंह- पारिवारिक समस्याएं परेशान करेंगी. व्यापार में नुकसान हो सकता है.
कन्या- काम में रुकावटें आएंगी. लेकिन आकस्मिक धन लाभ संभव है.
मेष- रुके काम तेजी पूरे होंगे. करियर में सफलता मिलेगी.
वृष- करियर में बड़ा बदलाव आ सकता है. जरूरी काम बनेंगे.
मिथुन- आर्थिक स्थिति गड़बड़ रहेगी. वाहन सावधानी से चलाएं.
ज्योतिषाचार्य संजय शर्मा का कहना है कि यह एक कंकणावृत्ति सूर्य ग्रहण है, जो कि भारत में दिखाई नहीं देगा. और न ही इसका सूतक मान्य होगा. इसका प्रभाव अफ्रीका और कुछ पश्चिची देशों पर ही रहेगा. हालांकि हमारा ब्रह्मांड एक ही है. तो यहां रहने वाले मनुष्यों और जीव-जंतुओं पर इसका प्रभाव दिखाई दे सकता है. लोगों पर राशियों के हिसाब से इसका प्रभाव पड़ सकता है.
ग्रहण की शुरुआत: दोपहर 03:26 बजे
ग्रहण का मध्यकाल: शाम 05:42 बजे
ग्रहण का समापन: शाम 07:57 बजे
Surya Grahan 2026 17 फरवरी को लगेगा. यह Ring of Fire सूर्य ग्रहण भारत में दिखाई नहीं देगा, इसलिए सूतक काल मान्य नहीं होगा. जानें समय और पूरी जानकारी.#ATDigital #solareclipse #SuryaGrahan pic.twitter.com/jkrJstmGr1
खगोलविदों का कहना है कि इस सूर्य ग्रहण के दौरान जब आसमान में रिंग ऑफ फायर बनेगा, तब सूर्य का लगभग 96 फीसदी हिस्सा चंद्रमा के पीछे छिप जाएगा.
आज सूर्य ग्रहण के साथ एक बड़ा ही दुर्लभ संयोग बन रहा है. हिंदू पंचांग के अनुसार, कुंभ राशि में सूर्य-राहु-बुध-शुक्र-चंद्रमा का पंचग्रही योग बना हुआ है. ऐसा संयोग करीब 37 साल पहले 1989 में बना था.
सूतक काल या सूर्य ग्रहण में पूजा-पाठ या भगवान की मूर्ति का स्पर्श नहीं करना चाहिए. धार्मिक अनुष्ठानों से परहेज करना चाहिए. शुभ या मांगलिक कार्य वर्जित हैं. गृह प्रवेश, मंडन, भूमि पूजन, नामकरण, जातकर्म, कर्णवेध आदि कार्यों से बचें. इसके अलावा, भोजन पकाना या खाना, छोंक-तड़का लगाना, सिलाई-कढ़ाई या बाल-नाखून काटने से भी बचना चाहिए. हालांकि ये सभी नियम प्रमुखता से लागू होते हैं, ग्रहण भारत में दृश्यमान हो.
खगोलविदों के अनुसार, चंद्रमा जब सूर्य और पृथ्वी के ठीक बीच में आ जाता है तो सूर्य से चंद्रमा की ज्यादा दूरी होने के कारण सूर्य चंद्रमा के पीछे पूरी तरह नहीं ढक पाता है. इस दौरान सूर्य आग के एक छल्ले की तरह दिखाई पड़ता है. इसे ही रिंग ऑफ फायर कहते हैं.
यह एक वलयाकार या कंकणाकृति सूर्य ग्रहण है, जिसमें सूर्य किसी चमकते छल्ले की तरह दिखाई पड़ता है. वैज्ञानिक इसे ‘रिंग ऑफ फायर’ कहते हैं.
साल का ये पहला सूर्य ग्रहण दुनिया के हिस्सों में दिखाई देने वाला है. जिम्बाब्वे, जाम्बिया, तंजानिया, मोजाम्बिक, नामीबिया, मॉरीशस, बोत्सवाना, चिली, अर्जेंटीना सहित दक्षिणी अफ्रीका, अंटार्कटिका और दक्षिण अमेरिका में लोग इस ग्रहण को देख सकेंगे.
साल का ये पहला सूर्य ग्रहण भारत में दृश्यमान नहीं है. यानी यह ग्रहण भारत में नहीं दिखेगा. इसलिए इसका सूतक काल भी भारतवर्ष में मान्य नहीं होगा.
नहीं, 17 फरवरी का सूर्य ग्रहण भारत में नहीं नजर आएगा. यह सूर्य ग्रहण केवल अफ्रीका और कुछ पश्चिमी देशों में ही दिखने वाला है.
भारतीय समयानुसार, सूर्य ग्रहण आज दोपहर 3 बजकर 26 मिनट से लेकर शाम 7 बजकर 57 मिनट तक रहेगा.
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