सिटी रिपोर्टर | भिलाई
सेंट लुईस, अमेरिका में हिंदीयूएसए ने अपने नौवें शैक्षणिक वर्ष 2026-27 की शुरुआत 230 से अधिक विद्यार्थियों और 40 स्वयंसेवी शिक्षकों के साथ की। विद्यालय के सभी शिक्षक स्वयंसेवक हैं और हिंदीयूएसए सेंट लुईस अमेरिका के 9 मध्य-पश्चिमी राज्यों में यह सबसे बड़ा हिंदी विद्यालय बना हुआ है। खास बात यह है कि इस्पात नगरी भिलाई निवासी दंपति मयंक जैन और आशु जैन इस महत्वपूर्ण पहल के मुख्य प्रेरक हैं। दोनों अमेरिका में हिंदी भाषा एवं भारतीय संस्कृति के प्रसार में अपना विशिष्ट योगदान दे रहे हैं।
यहां पहले दिन विद्यार्थियों ने गणेश जी की कलाकृति बनाकर नए शैक्षणिक सत्र का शुभारंभ किया। इस अवसर पर विशेष रक्षाबंधन समारोह आयोजित किया गया, जिसमें स्थानीय अग्निशमन एवं आपातकालीन सेवा के 6-7 अमेरिकी प्रथम उत्तरदाताओं को आमंत्रित किया गया। हिंदीयूएसए के युवा स्वयंसेवकों ने उन्हें रक्षाबंधन का महत्व समझाया और छात्राओं ने राखी बांधकर उनकी सामुदायिक सेवा के प्रति आभार व्यक्त किया। आयोजन के माध्यम से भारतीय संस्कृति और रक्षाबंधन की परंपरा अमेरिकी समुदाय के साथ साझा की गई। विद्यालय की वार्षिक प्रक्रिया के अंतर्गत विद्यालय समन्वयक मयंक जैन ने अभिभावकों के लिए विशेष परिचय एवं मार्गदर्शन सत्र आयोजित किया। उन्होंने अभिभावकों को हिंदीयूएसए के शैक्षणिक कार्यक्रम, विद्यालय की नीतियों, 5 प्रमुख समितियों, शिक्षण प्रबंधन प्रणाली, विदेशी भाषा शैक्षणिक क्रेडिट तथा द्विभाषी दक्षता सम्मान सहित विभिन्न अवसरों और व्यवस्थाओं की जानकारी दी।
इस वर्ष की एक और विशेष उपलब्धि यह है कि हिंदीयूएसए से हिंदी की पढ़ाई पूरी कर चुके लगभग 8 पूर्व विद्यार्थी अब युवा स्वयंसेवक के रूप में विद्यालय से जुड़े हैं। ये युवा छोटे बच्चों को हिंदी सिखाने में शिक्षकों की सहायता कर रहे हैं और अमेरिका में हिंदी भाषा एवं भारतीय संस्कृति के प्रसार में अपना योगदान दे रहे हैं। विशेष रूप से सराहनीय है कि ये युवा विद्यार्थी और उनके अभिभावक अपनी व्यस्तताओं के बीच समय निकालकर अगली पीढ़ी को हिंदी और भारतीय संस्कृति से जोड़ने में सहयोग कर रहे हैं। यह एक पीढ़ी से दूसरी पीढ़ी तक हिंदी भाषा और भारतीय संस्कार पहुंचाने की प्रेरणादायक पहल है। हिंदी, भारतीय संस्कृति और सामुदायिक सेवा के साथ नौवें वर्ष का शानदार शुभारंभ हुआ है।
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