Shreeom Singh
Date: 25-10-26 14:10
देश में मानसून की विदाई के साथ ही मौसम बदलने लगा है. उत्तर और पूर्वी भारत में सुबह-शाम ठंडक महसूस होने लगी है. वहीं, बंगाल की खाड़ी में चक्रवाती तूफान का खतरा बढ़ रहा है. इसके असर से कई राज्यों में तेज हवाओं के साथ भारी बारिश हो सकती है. दूसरी ओर, जम्मू-कश्मीर के पहाड़ी इलाकों में भी सर्दी ने दस्तक देनी शुरू कर दी है. इस सीजन में पहली बार गुलमर्ग और पहलगाम का न्यूनतम तापमान शून्य से नीचे पहुंच गया है. इससे आने वाले दिनों में घाटी में बर्फबारी की उम्मीद बढ़ गई है, जो पर्यटकों के लिए खुशखबरी हो सकती है.
गुलमर्ग-पहलगाम में माइनस में पहुंचा तापमान
जम्मू-कश्मीर के मशहूर पर्यटन स्थलों गुलमर्ग और पहलगाम में इस सीजन में पहली बार न्यूनतम तापमान शून्य डिग्री सेल्सियस से नीचे दर्ज किया गया. अधिकारियों के मुताबिक, पहलगाम में तापमान माइनस 0.3 डिग्री सेल्सियस और गुलमर्ग में माइनस 0.4 डिग्री सेल्सियस रहा.
तापमान में गिरावट के साथ इन इलाकों में ठंड बढ़ने लगी है. मौसम का यह बदलाव घाटी में सर्दियों की शुरुआत का संकेत दे रहा है. गुलमर्ग और पहलगाम पर्यटकों के पसंदीदा स्थान हैं. ऐसे में आने वाले दिनों में ठंड बढ़ने और बर्फबारी होने की संभावना से यहां घूमने आने वाले पर्यटकों को बर्फ का नजारा देखने को मिल सकता है.
बंगाल की खाड़ी में चक्रवाती तूफान का खतरा
बंगाल की खाड़ी के पूर्व-मध्य और उससे लगे दक्षिण-पूर्वी हिस्से में बना कम दबाव का सिस्टम अब चक्रवाती तूफान का रूप ले सकता है. मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, यह तूफान 28 अक्टूबर की सुबह आंध्र प्रदेश के तट के पास पहुंच सकता है. इस दौरान हवा की रफ्तार 115 से 125 किलोमीटर प्रति घंटे तक रहने की आशंका है. हवा के तेज झोंकों की गति 140 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है.
मौसम विभाग के अनुसार, 25 अक्टूबर की सुबह 5:30 बजे यह सिस्टम बंगाल की खाड़ी के पूर्व-मध्य और उससे सटे दक्षिण-पूर्वी हिस्से में मौजूद था. पिछले छह घंटों में यह 5 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से दक्षिण-पूर्व की ओर बढ़ा. इसका केंद्र श्री विजयपुरम से करीब 440 किलोमीटर उत्तर-उत्तर-पश्चिम, विशाखापत्तनम से 880 किलोमीटर पूर्व-दक्षिण-पूर्व और काकीनाडा से लगभग 980 किलोमीटर पूर्व-दक्षिण-पूर्व में था.
आंध्र प्रदेश के तट से टकराने की आशंका
पूर्वानुमान के मुताबिक, यह सिस्टम 25 अक्टूबर को गहरे अवदाब में बदल सकता है और 26 अक्टूबर की सुबह तक चक्रवाती तूफान का रूप ले सकता है. इसके बाद 27 अक्टूबर की सुबह तक इसके गंभीर चक्रवाती तूफान बनने की आशंका है. इसके बाद यह उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ सकता है.
मौसम विभाग ने आंध्र प्रदेश और दक्षिणी ओडिशा के आसपास के तटीय इलाकों के लिए चक्रवात को लेकर ऑरेंज अलर्ट जारी किया है. अनुमान है कि 28 अक्टूबर की सुबह से पूर्वाह्न के बीच तूफान बापटला और विशाखापत्तनम के बीच आंध्र प्रदेश तथा यनम के तटों को पार कर सकता है. इस दौरान तेज हवाएं चलने और मौसम खराब रहने की आशंका है. ऐसे में तटीय इलाकों में रहने वाले लोगों को सतर्क रहने की जरूरत है.
भारत 24 लाइव — भारत का विश्वसनीय हिंदी समाचार पोर्टल। ताज़ा खबरें, विश्लेषण, वीडियो।
लाइव भारत 24 ऐप डाउनलोड करें और लाइव समाचार देखें