पश्चिम एशिया में भू-राजनीतिक संकट के दौरान 4,052 भारतीय नाविकों को सुरक्षित वापस लाया गया है। केंद्रीय शिपिंग मंत्री सर्बानंद सोनोवाल ने बताया कि मृत …और पढ़ें
केंद्रीय शिपिंग मंत्री सर्बानंद सोनोवाल (फोटो- X)
पश्चिम एशिया संकट से 4052 भारतीय नाविकों को सुरक्षित निकाला गया।
केंद्रीय शिपिंग मंत्री सर्बानंद सोनोवाल ने दी महत्वपूर्ण जानकारी।
मृत नाविकों के परिवारों को 10 लाख रुपये की वित्तीय सहायता।
पीटीआई, नई दिल्ली। पश्चिम एशिया में भू-राजनीतिक संकट के दौरान 4,052 फंसे हुए भारतीय नाविकों को सुरक्षित वापस लाया गया। केंद्रीय शिपिंग मंत्री सर्बानंद सोनोवाल ने बुधवार को यह जानकारी दी।
सोनोवाल ने बुधवार को बंदरगाह, शिपिंग और जलमार्ग के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ एक व्यापक समीक्षा बैठक की, जिसमें पश्चिम एशिया और उससे आगे के भू-राजनीतिक संकट के बीच भारतीय समुद्री कर्मचारियों की सुरक्षा और सुरक्षा का आकलन किया गया।
उन्होंने एक्स पर एक पोस्ट में कहा कि इस संकट के दौरान 4,052 फंसे हुए भारतीय समुद्री कर्मचारियों को सुरक्षित रूप से वापस लाया गया है। मंत्री ने कहा कि निदेशक जनरल समुद्री प्रशासन (डीजीएमए) भी वापसी सहायता, चिकित्सा सहायता, परामर्श और प्रभावित परिवारों के साथ निरंतर संपर्क प्रदान कर रहा है।
उन्होंने बताया कि मृत नाविकों के निकटतम रिश्तेदारों को एसडब्ल्यूएफएस विशेष उच्च-जोखिम क्षेत्र योजना के तहत 10 लाख रुपये की तात्कालिक वित्तीय सहायता प्रदान की जा रही है।
सोनोवाल ने कहा कि भारतीय नाविक वैश्विक कुंजी श्रमिक हैं, और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार उनके और उनके परिवारों के साथ दृढ़ता से खड़ी है।