विकास, निवेश और रोजगार… पंचायत आजतक में हरपाल सिंह चीमा ने गिनाए AAP सरकार के काम – Aaj Tak

‘पंचायत आजतक पंजाब’ के सेशन ‘आप की अग्निपरीक्षा’ में पंजाब के वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने राज्य की अर्थव्यवस्था, कर्ज, निवेश, रोजगार, मुफ्त बिजली, महिलाओं को आर्थिक मदद और नशे के मुद्दे पर सरकार का पक्ष रखा. विपक्ष के पंजाब पर बढ़ते कर्ज के आरोपों को खारिज करते हुए चीमा ने कहा कि सरकार ने कर्ज-जीडीपी अनुपात को कम करने की कोशिश की है और पूंजीगत निवेश में भी बढ़ोतरी की है.
पंजाब की अर्थव्यवस्था और कर्ज के सवाल पर हरपाल सिंह चीमा ने कहा कि जब आम आदमी पार्टी की सरकार बनी, तब राज्य पर पिछली सरकारों का अरबों रुपये का कर्ज था, किसी राज्य की वित्तीय स्थिति को देखने के लिए केवल कर्ज की रकम नहीं, बल्कि कर्ज और जीडीपी के अनुपात को भी देखना चाहिए. चीमा के मुताबिक, आम आदमी पार्टी की सरकार बनने के बाद इस अनुपात में करीब 3 प्रतिशत की कमी आई है, उन्होंने दावा किया कि सरकार ने कर्ज के साथ-साथ विकास और पूंजीगत निवेश पर भी ध्यान दिया है.
उन्होंने केंद्र और दूसरे राज्यों के बढ़ते कर्ज का उदाहरण देते हुए कहा कि आज लगभग सभी सरकारें कर्ज ले रही हैं, लेकिन असली सवाल यह है कि उस पैसे का इस्तेमाल विकास के लिए किस तरह किया जा रहा है. 
वित्त मंत्री ने दावा किया कि पंजाब में आम आदमी पार्टी की सरकार के दौरान करीब 55 हजार करोड़ रुपये का पूंजीगत निवेश किया गया है. उन्होंने कहा कि सरकार ने पंजाब की अर्थव्यवस्था में निवेश बढ़ाने के साथ-साथ युवाओं के भरोसे को भी मजबूत करने की कोशिश की है.
‘70 हजार से ज्यादा युवाओं को सरकारी नौकरियां दीं’
पंजाब से युवाओं के विदेश जाने के मुद्दे पर चीमा ने कहा कि आम आदमी पार्टी की सरकार बनने से पहले राज्य में युवाओं का भरोसा कमजोर हो रहा था, उन्होंने दावा किया कि सरकार ने अब तक 70 हजार से ज्यादा युवाओं को नौकरियां दी हैं. उन्होंने कहा कि इसका असर पंजाब की शिक्षा व्यवस्था पर भी दिखाई दे रहा है, उनके मुताबिक, पहले पंजाब के कॉलेज और विश्वविद्यालयों में सीटें खाली हो रही थीं और युवा पढ़ाई के लिए दूसरे देशों का रुख कर रहे थे, जबकि अब राज्य में उच्च शिक्षा संस्थानों में सीटें बढ़ाई जा रही हैं.
महिलाओं को 1500 रुपये महीने देने के वादे को सरकार ने देर से पूरा किया, इस सवाल पर चीमा ने आम आदमी पार्टी की पांच गारंटियों का जिक्र किया, उन्होंने कहा कि 2022 के विधानसभा चुनाव से पहले पार्टी ने महिलाओं, शिक्षा, स्वास्थ्य, युवाओं और देश-पंजाब के लिए बलिदान देने वाले परिवारों से जुड़े वादे किए थे.
चीमा के मुताबिक, 300 यूनिट मुफ्त बिजली की गारंटी सरकार बनने के शुरुआती महीनों में लागू कर दी गई थी. शहीदों के परिवारों को एक करोड़ रुपये की सहायता और स्कूल ऑफ एमिनेंस जैसी योजनाओं पर भी सरकार ने काम किया. उन्होंने मोहल्ला क्लीनिक और स्वास्थ्य सुविधाओं का भी जिक्र किया और कहा कि मोहाली में लीवर ट्रांसप्लांट की सुविधा वाला अस्पताल भी शुरू किया गया है.
‘हमने पांचों गारंटियां पूरी कीं’
चीमा ने दावा किया कि पंजाब की राजनीतिक इतिहास में आम आदमी पार्टी ऐसी पार्टी है जिसने चुनाव से पहले दी गई अपनी पांचों गारंटियां पूरी की हैं, उन्होंने कांग्रेस और अकाली दल-बीजेपी पर निशाना साधते हुए कहा कि पिछली सरकारों ने अपने चुनावी वादे पूरे नहीं किए, जबकि उनकी सरकार ने अपने वादों को पूरा करने का प्रयास किया है.
नशे के मुद्दे पर विपक्ष को घेरा
पंजाब में नशे की समस्या पर चीमा ने अकाली दल-बीजेपी और कांग्रेस पर निशाना साधा, उन्होंने दावा किया कि पंजाब में नशे की समस्या पिछली सरकारों के दौरान बढ़ी और कांग्रेस के तत्कालीन मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने चार हफ्तों में नशा खत्म करने का वादा किया था, लेकिन वह पूरा नहीं हुआ.
चीमा ने कहा कि आम आदमी पार्टी की सरकार ने सत्ता में आने के बाद नशे के खिलाफ कार्रवाई शुरू की, उन्होंने पाकिस्तान से लगती पंजाब की करीब 555 किलोमीटर सीमा का जिक्र करते हुए कहा कि ड्रोन के जरिए होने वाली तस्करी को रोकने के लिए एंटी-ड्रोन सिस्टम लगाया गया है. उन्होंने दावा किया कि नशे की तस्करी और इससे जुड़े मामलों में 80 हजार से ज्यादा गिरफ्तारियां की गई हैं।
गुलजार सिंह की मौत और वीडियो विवाद पर क्या बोले?
गुलजार सिंह के वीडियो और उनकी मौत को लेकर विपक्ष की ओर से इस्तीफे की मांग पर चीमा ने अपना पक्ष रखा, उन्होंने कहा कि इस मामले में तीन वीडियो सामने आए थे, चीमा ने स्वीकार किया कि तीसरे वीडियो में गुलजार सिंह ने उनका नाम लिया था, हालांकि, उन्होंने दावा किया कि वीडियो में पीछे से किसी व्यक्ति द्वारा नाम लेने के लिए निर्देश दिए जाने जैसी बातें भी सुनाई देती हैं.
चीमा ने कहा कि वह घटना के बाद गांव की पंचायत में भी गए थे, उनके मुताबिक, वहां एक व्यक्ति ने बताया था कि गुलजार सिंह का बच्चा नशे का आदी है, उन्होंने प्रशासन को उसके इलाज और नशा छुड़ाने की व्यवस्था करने के लिए कहा था.
विपक्ष की ओर से इस मामले में उनकी जिम्मेदारी पर उठाए जा रहे सवालों के जवाब में चीमा ने कहा कि किसी व्यक्ति के साथ बातचीत के बाद अगर वह आत्महत्या कर लेता है तो इसके लिए सीधे तौर पर मंत्री को जिम्मेदार नहीं ठहराया जा सकता.
चीमा ने सरकार की आर्थिक नीतियों का बचाव करते हुए कहा कि पंजाब की अर्थव्यवस्था को मजबूत करने के लिए पूंजीगत निवेश, रोजगार, उद्योग और कर संग्रह बढ़ाने पर जोर दिया गया है. उनका कहना है कि सरकार के सामने कर्ज और वित्तीय दबाव जैसी चुनौतियां जरूर हैं, लेकिन केवल कर्ज की कुल रकम देखकर पंजाब की आर्थिक स्थिति का आकलन नहीं किया जा सकता. सरकार के मुताबिक कर्ज-जीडीपी अनुपात, पूंजीगत निवेश, निवेश और रोजगार जैसे संकेतकों को भी साथ देखकर स्थिति को समझना चाहिए.
यह भी पढ़ें: ‘सीएम नशामुक्त नहीं हुए तो पंजाब कैसे होगा’ प्रताप बाजवा का भगवंत मान पर सीधा हमला

source.freeslots dinogame telegram营销

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Toofani-News