जोधपुर. 41 साल के इतिहास में पहली बार एशिया कप के फाइनल में भारत-पाकिस्तान का आमना-सामना था. जिसे टीम इंडिया ने जीत हासिल कर अपने नाम कर लिया. दुबई अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम में खेले गए इस महामुकाबले में भारत ने पाकिस्तान को 5 विकेट से हराकर नौंवी बार एशियाई चैंपियन बनने का गौरव हासिल किया. भारत की जीत के हीरो रहे तिलक वर्मा, जिन्होंने नाबाद 69 रनों की पारी खेलकर एक छोर संभाले रखा, जबकि जीत का रन रिंकू सिंह के बल्ले से आया. पाकिस्तान की ओर से मिले 147 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी टीम इंडिया की शुरुआत खराब रही, लेकिन संजू सैमसन और तिलक वर्मा ने टीम को संभाल लिया.
इस ऐतिहासिक जीत के बाद जोधपुर में जबरदस्त उत्साह देखने को मिला. शहर के हर गली-मोहल्ले और चौक-चौराहे पर आतिशबाज़ी और पटाखों की गूंज सुनाई दी. रात करीब 12 बजे तक युवाओं की टोलियां तिरंगा लहराते हुए सड़कों पर भारत माता की जय और टीम इंडिया ज़िंदाबाद के नारे लगाते नज़र आए. इस जीत ने जोधपुरवासियों को गर्व और उल्लास से भर दिया.
मैच देखकर आ गया मजा
राहुल पंवार ने बताया कि आज तिलक वर्मा ने जिस तरह टीम इंडिया को जीत दिलाई है, उसे कभी भुलाया नहीं जा सकता. पाकिस्तान ने 146 रन का लक्ष्य दिया था और शुरुआत में ही भारत ने 21 रन पर तीन विकेट गंवा दिए थे. लेकिन तिलक वर्मा और शिवम दुबे ने मिलकर शानदार साझेदारी की और टीम को संभाल लिया। आखिरी ओवरों में शिवम दुबे और रिंकू सिंह के छक्कों-चौके ने रोमांच को चरम पर पहुंचा दिया. सच कहूं तो मज़ा आ गया.
ये भी पढ़ें: दीपावली से पहले सांगानेर को 700 करोड़ की बड़ी सौगात, सीएम करेंगे विकास कार्यों का शिलान्यास-लोकार्पण
इस जीत को शब्दों में बयां करना मुश्किल
सुरेन्द्र सिंह ने बताया कि मोबाइल और टीवी पर पहले ही बॉल से मैच देख रहे थे. हर गेंद पर दिल की धड़कन तेज हो जाती थी. आखिरी दो ओवर में तो पूरा परिवार सांसें रोककर बैठा था. जैसे ही भारत ने जीत हासिल की, घर के बच्चे पटाखे लेकर बाहर निकल पड़े. इस जीत की खुशी शब्दों में बयां नहीं की जा सकती.
टीम इंडिया ने जीत ने गर्व से भर दिया
तेजाराम ने बताया कि मैच का माहौल इतना रोमांचक था कि चार-पांच घंटे कब बीत गए, पता ही नहीं चला. आखिरी ओवर से तीन गेंद पहले ही रिंकू सिंह ने चौका लगाकर जीत दिलाई और पूरा जोधपुर खुशी से झूम उठा. एशिया कप फाइनल मैच को जीतकर टीम इंडिया ने गर्व का पल दिया है.