Total Tv
totaltv.in
NEWS DESK:भारतीय कला को वैश्विक पहचान दिलाने और दुनिया के बेहतरीन शो भारत लाने का प्रयास बीते तीन वर्षों में एक बड़े सांस्कृतिक बदलाव के रूप में उभरा है। मार्च 2023 में स्थापित नीता मुकेश अंबानी कल्चरल सेंटर (NMACC) ने अपनी स्थापना के तीन सालों में कला और संस्कृति के क्षेत्र में नए कीर्तिमान स्थापित किए हैं। इस अवधि में सेंटर ने 3,500 से अधिक शो का आयोजन किया है, जिनमें 25 लाख से ज्यादा दर्शक शामिल हुए। इस मंच पर 10,500 से अधिक कलाकारों ने 15 से भी ज्यादा भाषाओं में अपनी प्रस्तुतियां दी हैं। भारतीय विरासत का आधुनिक अवतार NMACC के मंच पर भारतीय कहानियों को भव्य प्रोडक्शन और आधुनिक तकनीक के साथ प्रस्तुत किया गया। मुगल-ए-आजम: द म्यूजिकल, राजाधिराज: लव. लाइफ. लीला और सेंटर की अपनी विशेष प्रस्तुति द ग्रेट इंडियन म्यूजिकल: सिविलाइजेशन टू नेशन इसके प्रमुख उदाहरण हैं। बड़े प्रोडक्शंस के साथ-साथ सेंटर के ‘स्टूडियो थिएटर’ और ‘द क्यूब’ में हिंदी, गुजराती, मराठी और बंगाली सहित विभिन्न भाषाओं में थिएटर, संगीत, कॉमेडी और नृत्य के प्रयोगधर्मी कार्यक्रम भी लगातार आयोजित होते रहे हैं।MUMBAI
Read Also-Delhi: सत्य निकेतन हादसा: 7 मौतों पर हाईकोर्ट सख्त, MCD और DU से मांगा जवाबMUMBAI
वैश्विक कला का भारत में आगमन NMACC के माध्यम से भारतीय दर्शकों को अंतरराष्ट्रीय स्तर के विश्वप्रसिद्ध शो मुंबई में ही देखने का अवसर मिला। द साउंड ऑफ म्यूजिक, वेस्ट साइड स्टोरी, MAMMA MIA!, द फैंटम ऑफ द ओपेरा और Wicked जैसे चर्चित ब्रॉडवे और वेस्ट एंड शो इसके मंच पर उतारे गए। यह पहल NMACC की संस्थापक नीता अंबानी के उस विजन को साकार करती है, जिसमें उन्होंने कहा था— “भारत का सर्वश्रेष्ठ दुनिया को दिखाना और दुनिया का सर्वश्रेष्ठ भारत लाना।” विश्वस्तरीय इंफ्रास्ट्रक्चर और कलाकृतियां इस विशाल सांस्कृतिक अभियान को गति देने में NMACC का वर्ल्ड-क्लास इंफ्रास्ट्रक्चर महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। परिसर में 2,000 सीटों का भव्य ग्रैंड थिएटर, 198 सीटों का स्टूडियो थिएटर, 80 सीटों का द क्यूब और चार मंजिला आर्ट हाउस शामिल हैं, जिससे हर प्रकार की कलात्मक प्रस्तुति के लिए उपयुक्त स्थान उपलब्ध रहता है।MUMBAI
Read Also-Delhi: सत्य निकेतन इमारत हादसा- सीएम रेखा गुप्ता की बड़ी कार्रवाई, 5 अधिकारी सस्पेंड…. मकान मालिक भी अरेस्ट
थिएटर और गैलरी से परे, सेंटर के सार्वजनिक हिस्सों में भी कला का प्रवाह देखने को मिलता है। यहां स्थित 56 फुट का ‘कमल कुंज’, घुंघरुओं से तराशी गई मुंबई की स्काईलाइन और प्रसिद्ध जापानी कलाकार यायोई
कुसामा की ‘Clouds’ जैसी कलाकृतियां दर्शकों को आकर्षित करती हैं। इसके अतिरिक्त, रिलायंस फाउंडेशन की पहल ‘स्वदेश’ पारंपरिक भारतीय कारीगरी और शिल्प को एक वैश्विक पहचान देने का काम कर रही है।वैश्विक विस्तार और भविष्य की योजनाएं NMACC की पहचान अब केवल मुंबई तक सीमित न रहकर अंतरराष्ट्रीय मंचों तक पहुंच रही है। 61वें वेनिस बिएनाले के ‘इंडिया पवेलियन’ में सेंटर की भागीदारी भारतीय कला को वैश्विक स्तर पर स्थापित करने की इसी सोच का हिस्सा है। अपने चौथे वर्ष में प्रवेश करते हुए सेंटर कई बड़े आयोजनों की तैयारी कर रहा है, जिसमें द ग्रेट इंडियन म्यूजिकल की वापसी, प्रसिद्ध म्यूजिकल Chicago और ऑस्कर-नामांकित संगीतकार मैक्स रिक्टर की भारत में पहली प्रस्तुति शामिल है। तीन सालों के ये आंकड़े न केवल कार्यक्रमों की संख्या दर्शाते हैं, बल्कि यह भी साबित करते हैं कि भारत के पास अब कला और संस्कृति का एक ऐसा स्थायी और विश्वस्तरीय केंद्र मौजूद है, जहां भारतीय परंपराएं, आधुनिक प्रयोग और अंतरराष्ट्रीय कला एक ही छत के नीचे एक साथ समृद्ध हो रहे हैं।MUMBAI
Top Hindi News, Latest News Updates, Delhi Updates, Haryana News, click on Delhi Facebook, Delhi twitter and Also Haryana Facebook, Haryana Twitter MUMBAI
Your email address will not be published.
About Us
Advertise With Us
Privacy Policy
Terms And Conditions
Contact Us