न भारत, न अमेरिका… किसके परमाणु हथियारों से डर रहा चीन, बोला-कई शहर खतरे में होंगे – india.com

Edited by: Vineet Sharan | Updated: Sep 8, 2026, 11:05 AM
Nuclear Weapons: चीन के शहरों को संभावित परमाणु हमले के लिए तैयार रहना चाहिए. चीन में हुए एक नए शोध में ये चेतावनी दी गई है. पीपल्स लिबरेशन आर्मी (PLA) की मेडिकल टीम ने यह रिपोर्ट तैयार की है, जिसमें कहा गया है कि बड़े पैमाने पर वैश्विक परमाणु युद्ध की संभावना अपेक्षाकृत कम है.
साउथ चाइना मॉर्निंग पोस्ट की रिपोर्ट के मुताबिक, एक नई स्टडी में चेतावनी दी गई है कि जापान का खास तौर पर जिक्र किया गया है क्योंकि वह दुनिया के लिए खतरे का बड़ा संकेत दे रहा है. शोधकर्ताओं ने लिखा, इस संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता किछोटे या मध्यम आकार के परमाणु-सक्षम या संभावित परमाणु-सक्षम देश पड़ोसी देशों या बड़ी ताकतों के प्रमुख शहरों पर हमला कर सकते हैं.  भू-राजनीतिक या धार्मिक संघर्षों से प्रेरित होकर ये हमले हो सकते हैं. ये एक तरह का आतंकी हमला होगा.
रिपोर्ट के मुताबिक, टोक्यो ने अभी तक परमाणु हथियारों पर प्रतिबंध लगाने वाले पहले कानूनी रूप से बाध्यकारी अंतरराष्ट्रीय समझौते (2017 में हस्ताक्षरित) को स्वीकार नहीं किया है. साथ ही, वह अपनी लंबे समय से चली आ रही नीति में बदलाव पर विचार कर रहा है, जिसे तीन गैर-परमाणु सिद्धांत के रूप में जाना जाता है – यानी परमाणु हथियार न रखना, न बनाना और न ही उन्हें अपने क्षेत्र में आने देना.
जनवरी 2022 में, संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के पांच स्थायी सदस्यों – चीन, अमेरिका, रूस, ब्रिटेन और फ्रांस – ने एक संयुक्त बयान जारी कर पुष्टि की थी कि परमाणु युद्ध जीता नहीं जा सकता और इसे कभी नहीं लड़ा जाना चाहिए.लेकिन PLA की स्टडी ने चेतावनी दी कि एक बार जब कुछ देश या आतंकवादी समूह ऐसा जोखिम उठाते हैं, तो इस संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता कि चीनी शहरों पर परमाणु आतंकवादी हमला हो सकता है.
बीजिंग ने परमाणु हमले में घायल लोगों के इलाज के लिए पहले ही 30 से ज़्यादा बेस वाला एक इमरजेंसी रेस्क्यू नेटवर्क बना लिया है. स्टडी में यह भी कहा गया है कि पूरे समाज को परमाणु और रेडिएशन सुरक्षा, रेस्क्यू प्रोटोकॉल और बचाव के उपायों के बारे में लोगों को जागरूक करना चाहिए, ताकि इमरजेंसी की स्थिति में बेमतलब के व्यवहार और घबराहट को कम किया जा सके.
रिसर्चर का कहना है कि चीन को और ज़्यादा संसाधनों और खास ट्रेनिंग के साथ अपनी इलाज की क्षमता को और बढ़ाना चाहिए. उन्होंने यह भी सुझाव दिया कि स्थानीय अधिकारियों को एंटीबायोटिक्स और रेडिएशन से बचाने वाले उपकरणों सहित ज़रूरी इमरजेंसी सामान का स्टॉक रखना चाहिए और यह पक्का करना चाहिए कि वे युद्ध के लिए तैयार हालत में हों. PLA रॉकेट फोर्स कैरेक्टरिस्टिक मेडिकल सेंटर की यह स्टडी पिछले शुक्रवार को 'पीयर-रिव्यूड' चीनी जर्नल 'जर्नल ऑफ रेडियोलॉजिकल हेल्थ' में प्रकाशित हुई थी. (photo credit, AI)
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