उत्तर प्रदेश में अगले साल विधानसभा के चुनाव होने हैं, जिसे लेकर राजनीतिक बिसात अभी से बिछनी शुरू हो गई है. संसद परिसर में 11 अगस्त को समाजवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव और कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी ने विपक्षी एकता संदेश दिया. कांग्रेस के कई नेता यूपी में अकेले सभी सीटों पर तैयारी की बात करते हुए ऐसे बयान देते रहे हैं, जिससे गठबंधन में असहजता की स्थिति बन जाती. हालांकि लगातार बड़े नेताओं की तरफ से एकजटुता के संदेश भी दिए जा रहे हैं.
यूपी कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय और पार्टी के सांसद इमरान मसूद के बयान से विपक्षी गठबंधन में टकराव के संकेत मिलने लगे थे. इमरान मसूद ने यूपी चुनाव 2027 को लेकर कहा था कि कांग्रेस को बैसाखी की जरूरत नहीं है और पार्टी अपने दम पर चुनाव लड़ सकती है. उन्होंने कहा, ‘कांग्रेस को चुनाव लड़ने के लिए किसी बैसाखी की जरूरत नहीं है. हम किसी से टिकट या समर्थन की मांग नहीं कर रहे हैं, बल्कि कांग्रेस को मजबूत करने की बात कर रहे हैं. आज जो माहौल है, वह राहुल गांधी के नेतृत्व का परिणाम है. इसके बाद अजय राय के बयान से सियारी पारा और चढ़ गया.’
#WATCH | Delhi: Opposition MPs, including Priyanka Gandhi Vadra, Akhilesh Yadav and others, hold a protest in Parliament over Ram temple donations theft. pic.twitter.com/YTGsZpgHSO
अजय राय ने कहा था कि कांग्रेस उत्तर प्रदेश में 403 सीटों पर चुनाव लड़ने की तैयारी कर रही है. उन्होंने कहा था, ‘कहां, किससे और कितना गठबंधन करना है ये शीर्ष नेतृत्व तय करेगा. हमारा हर कार्यकर्ता बूथ स्तर पर लगा हुआ है.’ उन्होंने दिल्ली में कांग्रेस आलाकमान की बैठक का जिक्र करते हुए कहा था कि हम समीक्षा करेंगे कि सभी 403 विधानसभा क्षेत्रों में संगठन को कैसे मजबूत किया जा सकता.
संसद के मानसून सत्र के दौरान ‘चढ़ावा चोरी’ के आरोपों और गृह मंत्री अमित शाह के बयान की मांग को लेकर विपक्ष और सरकार के बीच गतिरोध जारी है. विपक्ष ने सदन में विस्तार से चर्चा करने की मांग की है. सपा सांसद राम गोपाल यादव ने कहा कि विपक्ष की दो प्रमुख मांगें हैं. पहला राम मंदिर के नाम पर मिले चढ़ावा में अनियमितताओं पर चर्चा और दूसरा गृह मंत्री की मौजूदगी में संबंधित मुद्दे पर चर्चा हो. उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार इन मुद्दों पर पूरी तरह चर्चा कराने से बच रही है. कांग्रेस भी सरकार से यही मांग कर रही है. इसी कड़ी में संसद परिसर में प्रियंका गांधी और अखिलेश यादव साथ बैनर लिए खड़े नजर आए.
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