रायगढ़ में सहारा इंडिया धोखाधड़ी मामले का फरार ब्रांच-मैनेजर गिरफ्तार: 3 सालों से पुलिस से छिप रहा था, 3,848 … – Dainik Bhaskar

छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिला में सहारा इंडिया निवेश घोटाले में लगभग तीन वर्षों से फरार चल रहे सहारा इंडिया कबीर चैक के ब्रांच मैनेजर को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपी लंबे समय से पुलिस से छिप रहा था। जहां आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश कर उसे न्या
मिली जानकारी के मुताबिक मामले में साल 2022 में शिकायतकर्ता विकास निगानिया 35 साल निवासी कृष्णा विहार कालोनी द्वारा कोतवाली थाना में 29 सिंतबर 2022 को रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी कि सहारा इंडिया के अधिकारियों व कर्मचारियों ने कंपनी की विश्वसनीयता और आरबीआई से अधिकृत होने का झूठा विश्वास दिलाकर उनसे, उनकी माता और पत्नी से साल 2017 के दौरान लगभग 40 लाख विभिन्न योजनाओं में निवेश कराया था।
बाद में परिपक्वता अवधि पूरी होने के बावजूद राशि वापस नहीं की गई। जांच में यह भी सामने आया कि निवेशकों से रकम सहारा इंडिया के नाम पर लेकर विभिन्न सहकारी समितियों के नाम से बॉण्ड जारी किए गए और निवेशकों के साथ सुनियोजित धोखाधड़ी की गई।
प्रकरण में सहारा इंडिया कंपनी रायगढ़ कबीर चौक रायगढ़ के ब्रांच मैनेजर विजय कुमार शराफ 54 साल निवासी विकास नगर कोतरारोड फरार होकर लुक छिप रहा था।
ऑपरेशन क्लीन हंट अभियान के तहत फरार आरोपी के ससुराल कोतरारोड आने की मुखबीर सूचना पर तत्काल कोतवाली पुलिस द्वारा आरोपी को हिरासत में लिया गया।
आरोपी से कई दस्तावेज जब्त किए गए पूछताछ में उसने अपराध से संबंधित महत्वपूर्ण तथ्यों को स्वीकार किया। उसके कब्जे से सहारा इंडिया कंपनी के फ्रेंचाइजी कार्यालय कबीर चौक के विकास व प्रशासन संबंधी आदेश पत्र और कंपनी से संबंधित एमओयू की प्रतियां जब्त की गईं। पर्याप्त साक्ष्य मिलने पर आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया।
कंपनी के पूर्व अधिकारियों को भेजा जा चुका जेल मामले में कोतवाली पुलिस द्वारा धोखाधड़ी में संलिप्त आरोपी सहारा इंडिया कंपनी रायगढ़ के पूर्व शाखा प्रबंधक ओम प्रकाश शर्मा, पूर्व शाखा प्रबंधक खरसिया के पुष्पेन्द्र कुमार साहू, कंपनी डायरेक्टर करूणेश अवस्थी, सेक्टर मैनेजर अमृत लाल श्रीवास और 6 जुलाई 2024 को सहारा इंडिया कंपनी बिलासपुर के रीजनल मैनेजर रजनीष तिवारी को गिरफ्तार कर विशेष न्यायाधीश रायगढ़ के न्यायालय में चालान पेश किया गया था।
फरार आरोपियों की तालाश जारी आरोपियों से पुलिस ने उसके आई कार्ड, नियुक्ति व कार्य आदेश संबंधी दस्तावेज, बैंक खाते, जमीन संबंधी दस्तावेज, धोखाधड़ी रकम से क्रय की हुई कार और मोटर सायकल को जप्त किया गया है।
जांच में रायगढ़ जिले समेत अन्य जिलों से प्राप्त शिकायतों के आधार पर अब तक 3,848 निवेशकों के लगभग 40 करोड़ 78 लाख 16 हजार 739 रुपये की धोखाधड़ी का खुलासा हो चुका है। मामले में फरार आरोपियों की लगातार तलाश जारी है।
धोखाधड़ी करने वालों पर होगी कार्रवाई SSP शशि मोहन सिंह ने बताया कि निवेशकों के साथ धोखाधड़ी करने वाले किसी भी आरोपी को कानून से बचने नहीं दिया जाएगा। पुलिस आर्थिक अपराधों में फरार आरोपियों की लगातार तलाश कर रही है। आम जनता के विश्वास के साथ खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ कार्रवाई निरंतर जारी रहेगी।
Copyright © 2024-25 DB Corp ltd., All Rights Reserved
This website follows the DNPA Code of Ethics.

source.freeslots dinogame telegram营销

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Toofani-News