कांवड़ मेले के दौरान हरिद्वार के गंगा घाटों पर एसडीआरएफ ने दो दिनों में 40 कांवड़ यात्रियों को डूबने से बचाया है। 8 और 9 अगस्त को हुई इन बचाव कार्रवाइ …और पढ़ें
हरिद्वार में एसडीआरएफ ने कांवड़ मेले में 40 शिवभक्तों को डूबने से बचाया।
एसडीआरएफ ने हरिद्वार में 40 कांवड़ यात्रियों की जान बचाई।
गंगा घाटों पर डूबने से बचाया गया, 8-9 अगस्त को कार्रवाई।
कांवड़ मेले के दौरान एसडीआरएफ की टीमें मुस्तैद रहीं।
जागरण संवाददाता, हरिद्वार। कांवड़ मेले के दौरान गंगा घाटों पर एसडीआरएफ की मुस्तैदी से दो दिनों में 40 कांवड़ यात्रियों की जान बचाई गई है। आठ अगस्त को हरिद्वार के विभिन्न घाटों पर गंगा स्नान के दौरान पैर फिसलने और तेज बहाव की चपेट में आने से संकट में फंसे 18 शिवभक्तों को एसडीआरएफ जवानों ने त्वरित कार्रवाई करते हुए सकुशल रेस्क्यू किया है।
वहीं, नौ अगस्त को भी एसडीआरएफ की टीमों ने विभिन्न घाटों पर डूब रहे 22 कांवड़ यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया। इनमें कांगड़ा घाट से 17, प्रेमनगर घाट से तीन और नीलकंठ मेला क्षेत्र से 2 कांवड़ यात्री शामिल है। एसडीआरएफ की तत्परता से 40 श्रद्धालुओं को सुरक्षित बचाकर संभावित हादसों को टाला गया है।
जवानों ने बचाया युवक।
एसडीआरएफ सेनानायक अर्पण यदुवंशी के निर्देशन में कांवड़ यात्रा को देखते हुए हरिद्वार और ऋषिकेश के विभिन्न घाटों एवं संवेदनशील स्थानों पर टीमें तैनात हैं। जवान लगातार गंगा घाटों पर निगरानी रख रहे हैं।
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