Kanpur News: कानपुर, प्रमुख संवाददाता। मैं लाहौर से बोल रहा हूं। आप पर जन्नत-ए-फिरदौस संगठन की नजर थी। अब आपको दिल्ली में बम ब्लास्ट के लिए चुना गया है। दिल्ली में यूपीएससी की तैयारी कर रहे दोस्त को यह प्रैंक कॉल करना दिबियापुर के युवक को भारी पड़ गया। आतंकी संगठन की कॉल समझकर दोस्त दिल्ली पुलिस के पास पहुंच गया। दिल्ली पुलिस कमिश्नर से मिली लीड पर कानपुर पुलिस ने युवक को धर दबोचा। प्रैंक कॉल करने वाला युवक भी दिल्ली में यूपीएससी की तैयारी कर रहा है। पकड़े जाने के बाद इंटेलीजेंस ब्यूरो के अधिकारियों ने युवक से पूछताछ की। इसके बाद दिल्ली पुलिस उसे अपने साथ ले गई।
दिल्ली पुलिस के हेल्पलाइन नंबर पर मंगलवार की रात मुखर्जी नगर में रहकर यूपीएससी की तैयारी कर रहे युवक रोहित का फोन पहुंचा। वह काफी डरा हुआ था। उसने दिल्ली पुलिस को बताया कि एक इंटरनेट कॉल उसके पास आयी थी। कॉल करने वाले ने खुद को लाहौर का बताया और कहा कि जन्नत-ए-फिरदौस संगठन ने दिल्ली में ब्लास्ट के लिए तुम्हें चुना है। जिसके बाद रोहित को मुखर्जी नगर थाने बुलाया गया। इंटरनेट कॉल का आईपी एड्रेस कानपुर के काकादेव का निकला। जिसके बाद दिल्ली पुलिस कमिश्नर ने कानपुर के पुलिस कमिश्नर रघुबीर लाल से संपर्क किया। उन्हें बताया कि कॉल जियो फाइबर के नंबर से की गई है जो काकादेव नवीन नगर निवासी मनोज कुमार वर्मा ने नाम पर है। दिल्ली पुलिस की सूचना पर काकादेव पुलिस और सर्विलांस सेल एक्टिव हुई। पुलिस टीम मनोज कुमार के घर पहुंची जहां उनका बेटा अक्षत वर्मा मिला। अक्षत नीट की तैयारी कर रहा है। पूछताछ में अक्षत ने बताया कि कुछ दिन पहले यूपीएससी की तैयारी कर रहा उसका चचेरा भाई औरैया, दिबियापुर निवासी सूरज वर्मा घर आया था। सूरज की चाची कैंसर की बीमारी से पीड़ित हैं। उनका इलाज पारस हॉस्पिटल में चल रहा है। इसी सिलसिले में वह कानपुर आया था। उसी ने वाईफाई का प्रयोग कर दिल्ली के मुखर्जी नगर निवासी अपने दोस्त रोहित को कॉल किया था। पुलिस ने सूरज को पकड़ा तो उसने फोन करने की बात कुबूल कर ली। बताया, दोस्त रोहित को डराने के लिए प्रैंक कॉल की थी। उसने कहा था कि मैं लाहौर से बोल रहा हूं। तुम्हारे ऊपर हमारे संगठन जन्नत-ए-फिरदौस की काफी समय से नजर थी। तुम्हें दिल्ली बम ब्लास्ट के लिए चुना गया है। इतना कहकर फोन काट दिया था। पुलिस आयुक्त रघुबीर लाल ने बताया कि दिल्ली पुलिस की सूचना पर सूरज वर्मा को पकड़ा गया था। उससे आईबी के अधिकारियों ने भी पूछताछ की थी। दिल्ली पुलिस की टीम उसे अपने साथ ले गई।
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