JMI Students Protest Against CV: जामिया मिल्लिया इस्लामिया में आरएसएस से जुड़े प्रोग्राम को लेकर विवाद बढ़ता जा रहा है. ब्वॉयज हॉस्टल प्रोग्राम में छात्रों ने VC मजहर आसिफ के खिलाफ नारेबाजी की, जिसके बीच वे असहज होकर निकलते दिखे. छात्र संगठनों ने कार्यक्रम और कथित बयान पर गंभीर आरोप लगाए हैं.
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Jamia Millia Islamia News: देश के सबसे प्रतिष्ठित शिक्षण संस्थानों में से एक जामिया मिल्लिया इस्लामिया (JMI) में राष्ट्रीय स्वंय सेवक संघ (RSS) के जरिये आयोजित एक प्रोग्राम को लेकर विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है. आलम यह है कि वाइसचांसलर मजहर आसिफ का अपने ही कैंपस में कदम रखना मुश्किल हो गया है. जिस प्रोग्राम को आयोजित कर वह इसे महज एक औपचारिक आयोजन का नाम देकर खुद भी इसमें बतौर गेस्ट शामिल हुए है.
RSS के प्रोग्राम और कुछ कथित छात्रों की पिटाई का यह मामला अब तूल पकड़ता जा रहा है. शुक्रवार (1 मई) की रात एक बार फिर छात्रों का गुस्सा फूट पड़ा, ब्वॉयज हॉस्टल के सालाना प्रोग्राम के दौरान छात्रों ने वाइसचांसलर खिलाफ जमकर नारेबाजी की. छात्रों की नाराजगी देखकर वाइसचांसलर मजहर आसिफ असहज हो गए. इस दौरान वह मौके से तेजी के साथ भागते हुए दिखाई पड़े.
बता दें, छात्रों का यह विरोध उस फैसले को लेकर था, जिसमें JMI कैंपस के अंदर RSS के सौ साल पूरे होने पर एक प्रोग्राम करने की इजाजत दी गई थी. इस प्रोग्राम में जामिया के वाइसचांसलर और रजिस्ट्रार दोनों मौजूद थे. इसको लेकर छात्रों भारी विरोध किया था. प्रदर्शन को रोकने के लिए JMI के कई स्टाफ ने छात्रों के साथ मारपीट भी की. दावा है कि इसमें कुछ छात्र घायल भी हो गए.
वहीं, बीते शुक्रवार को ब्वॉजय हॉस्टल में एक प्रोग्राम का आयोजन किया गया था. इसी प्रोग्राम में शामिल होने के लिए वाइसचांसलर मजहर आसिफ भी पहुंचे थे. जब छात्रों ने मजहर आसिफ को देखा तो वह भड़क गए और “वीसी गोबैक” के नारे लगाने लगे. इसकी वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही है.
वायरल वीडियो में देखा जा सकता कि वीसी मजहर आसिफ को देखकर छात्र नारे लगा रहे हैं. छात्रों के इस विरोध से वीसी असहज नजर आए और इस बीच छात्रों की भीड़ से अपने पूरे अमले के साथ तेजी से निकलते नजर आए. ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन (AISA) की जामिया यूनिट ने इसको लेकर सोशल मीडिया पर बयान जारी किया है.
AISA के जरिये जारी बयान के मुताबिक, हॉस्टल में रहने वाले छात्रों ने प्रोग्राम में वाइसचांसल की मौजूदगी पर आपत्ति जताई. छात्रों का कहना है कि यूनिवर्सिटी के माहौल को एक खास दिशा में ले जाने की कोशिश की जा रही है. उन्होंने इसे कैंपस के कैरेक्टर में बदलाव की कोशिश करार दिया.
छात्र संगठन ने आरोप लगाया कि प्रोग्राम के दौरान वाइसचांसलर ने विरोध कर रहे छात्रों के लिए अपमानजनक शब्दों का इस्तेमाल किया. उनके मुताबिक, सार्वजनिक मंच से छात्रों को ऐसे शब्द कहे गए जो उनकी गरिमा के खिलाफ हैं. हालांकि, इस पूरे मामले पर यूनिवर्सिटी प्रशासन की ओर से तत्काल कोई प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है.
AISA ने अपने बयान में कहा कि जौहर हाल के छात्रों ने प्रोग्राम के दौरान वाइसचांसलर के खिलाफ नारे लगाए. संगठन का आरोप है कि हाल ही में हुए RSS से जुड़े कार्यक्रम को लेकर वाइसचांसलर की भूमिका ने छात्रों को नाराज कर दिया है. उन्होंने यह भी कहा कि जब छात्रों ने विरोध किया, तो वाइसचांसलर ने उन्हें “कुत्ता” जैसे विवादित शब्दों से संबोधित किया.
बता दें, JMI के छात्रों की नाराजगी अचनाक नहीं बढ़ी, बल्कि पिछले कुछ दिनों से चल रहे विरोध का ही हिस्सा है. हाल ही में JMI कैंपस में RSS के “100वीं वर्षगांठ” पर “युवा कुंभ” नाम से प्रोग्राम का आयोजन किया गया था. छात्रों का आरोप है कि इस कार्यक्रम के आयोजन के लिए यूनिवर्सिटी प्रशासन ने बेहतरीन सुविधाएं उपलब्ध कराईं. छात्र तब और भड़क गए, जब वाइसचांसलर मजहर आसिफ और रजिस्ट्रार प्रोफेसर महताब आलम रिजवी, RSS के प्रोग्राम में स्टेज पर नजर आए.
स्टूडेंट्स फेडरेशन ऑफ इंडिया (SFI) और NSUI, AISA जैसे संगठनों ने इसका विरोध किया था. छात्रों का कहना था कि इस तरह के आयोजन से यूनिवर्सिटी में एकतरफा और विभाजनकारी सोच को बढ़ावा मिलता है. 28 अप्रैल को भी छात्रों ने “युवा कुंभ” प्रोग्राम के दौरान कैंपस में इकट्ठा होकर प्रशासन से जवाबदेरी की मांग की थी.
परिसर में इकट्ठा होकर प्रदर्शन किया था और प्रशासन से जवाबदेही की मांग की थी. इसके बाद विवाद और गहरा गया जब उसी प्रोग्राम के दौरान वाइसचांसलर ने हैरान करने वाला दावा किया. वीसी मजहर आसिफ ने अपने संबोधन के दौरान कहा था कि “सारे भारतीय लोगों में महादेव का डीएनए” है. सात ही उन्होंने सनातन परंपराओं को मौका देने की बात कही. इन बयानों की कई छात्र संगठनों ने कड़ी आलोचना की. छात्रों ने अवैज्ञानिक और लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ बताया.
रैहान शाहिद का ताल्लुक उत्तर प्रदेश के सिद्धार्थनगर ज़िले से हैं. वह पिछले पांच सालों से दिल्ली में सक्रिय रूप से पत्रकारिता के क्षेत्र में कार्यरत हैं. Zee न्यूज़ से पहले उन्होंने ABP न्यूज़ और दू…और पढ़ें
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