Feedback
आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) को लेकर स्वतंत्र रिसर्च रिपोर्ट के हवाले से मीडिया रिपोर्ट में बड़ा दावा किया गया है. OpenAI के ऑटोनॉमस बॉट्स ने पिछले जून में संयुक्त राष्ट्र की एक वेबसाइट पर ताबड़तोड़ सर्च रिक्वेस्ट भेजी. इसके साथ ही सिस्टम के डेटा तक पहुंचने के लिए कई आक्रामक तकनीकों का इस्तेमाल किया.
रिपोर्ट के मुताबिक, इन ऑटोनॉमस बॉट्स ने पब्लिक डेटा साइट पर 16,000 से ज्यादा बार अटैक किया और सुरक्षा फिल्टर को भी चकमा देकर पार कर गए.
शोधकर्ताओं ने हाल के हफ्तों में ओपनएआई के AI मॉडल्स के ऑनलाइन इस तरह के ‘रोगे’ (मनमाने) व्यवहार के कई मामले दर्ज किए हैं.
यूएन के मामले में भी इन एआई एजेंटों ने वेबसाइटों से डेटा चुराने या निकालने के लिए हर मुमकिन हद तक जोर लगाया. रिसर्चर रोवन हावर्ड-जोन्स ने AI रिसर्च फर्म ‘ट्रांसलूस’ के उपलब्ध कराए गए आंकड़ों के आधार पर ये जानकारी दी.
यह भी पढ़ें: ‘AI में चीन से बहुत आगे हैं…’, शी जिनपिंग से बातचीत के बाद बोले ट्रंप- चीन के साथ ‘इंटीग्रेट’ नहीं करेंगे
AI की कार्यप्रणाली पर उठ रहे सवाल
विशेषज्ञों का मानना है कि AI मॉडल्स और ऑटोनॉमस एजेंटों का इस तरह से सिक्योरिटी ब्रीच और किसी सरकारी या अंतरराष्ट्रीय संस्थान की वेबसाइट पर भारी मात्रा में बॉट रिक्वेस्ट भेजना तकनीकी सुरक्षा के लिहाज से चिंता का विषय है. ऐसे में एआई सुरक्षा और कंट्रोल को लेकर एक बार फिर बहस छिड़ गई है कि क्या इन स्मार्ट टूल्स पर लगाम कसने की जरूरत है.
Copyright © 2026 Living Media India Limited. For reprint rights: Syndications Today
होम
वीडियो
लाइव टीवी
न्यूज़ रील
मेन्यू
मेन्यू