पुणे में भारी मानसूनी बारिश के कारण सोमवार पेठ की धनगर गली में एक इमारत ढह गई। पुणे फायर ब्रिगेड की तत्परता से कोई हताहत नहीं हुआ। …और पढ़ें
भारी बारिश के बीच ढहा मकान।
पुणे में मूसलाधार बारिश के कारण सोमवार पेठ में एक इमारत ढही।
पुणे फायर ब्रिगेड की त्वरित कार्रवाई से कोई हताहत नहीं हुआ।
प्रशासन ने पुरानी और जर्जर इमारतों से सतर्क रहने की अपील की।
डिजिटल डेस्क, पुणे। महाराष्ट्र मानसून के दस्तक के साथ पूरी तरह से जलमग्न हो चुका है। बीते कई दिनों से जारी भीषण मूसलाधार बारिश ने पूरे राज्य के लोगों का जीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है। इसी बीच पुणे से एक बड़ी खबर सामने रही है।
पुणे में पिछले कुछ दिनों से जारी भीषण बारिश के बीच एक बड़ा हादसा होने से टल गया। सोमवार पेठ इलाके की धनगर गली में एक दो मंजिला इमारत अचानक ढह गई। हालांकि, पुणे फायर ब्रिगेड की तत्परता और सूझबूझ के कारण एक बहुत बड़ी दुर्घटना होने से बच गई।
पुणे फायर डिपार्टमेंट के जनसंपर्क अधिकारी (PRO) ने मामले की जानकारी देते हुए बताया कि समय रहते उठाए गए कदमों की वजह से इस हादसे में किसी के घायल होने या जानमाल के नुकसान की खबर नहीं है। लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के चलते प्रशासन ने नागरिकों से पुरानी और जर्जर इमारतों को लेकर सतर्क रहने की अपील की है।
बता दें कि इससे पहले पुणे जिले में सोमवार सुबह एक बड़ा भूस्खलन हुआ, जिसकी चपेट में आने से कई मकान मलबे में दब गए। इस दर्दनाक हादसे में एक ही परिवार के तीन लोगों की मौत हो गई।
इस भूस्खलन के कारण मुंबई-पुणे एक्सप्रेसवे और पुराने मुंबई-पुणे हाईवे पर यातायात बुरी तरह प्रभावित हुआ है, जिसके बाद प्रशासन को इन मुख्य रास्तों पर गाड़ियों की आवाजाही रोकनी पड़ी। हादसे में जान गंवाने वाले लोगों की पहचान नंदू टिकोने (60 वर्ष), माउली टिकोने (30 वर्ष) और अनीता टिकोने (55 वर्ष) के रूप में हुई है।
अधिकारियों के मुताबिक, यह हादसा मावल तहसील के पाटन गांव में सुबह करीब 4:25 बजे हुआ। भारी बारिश के चलते अचानक पहाड़ का एक बड़ा हिस्सा टूटकर नीचे बने मकानों पर गिर गया। इस हादसे में करीब 5 मकान मलबे के नीचे पूरी तरह दब गए। मलबे में लगभग 30 से 35 लोगों के फंसे होने की आशंका थी।