अधिवक्ताओं और दस्तावेज लेखकों का आंदोलन जारी – Live Hindustan

मेरठ। ई-रजिस्ट्री प्रणाली लागू करने के विरोध में कलक्ट्रेट स्थित द्वितीय एवं चतुर्थ सब-रजिस्ट्रार कार्यालयों पर दस्तावेज लेखकों और अधिवक्ताओं का धरना प्रदर्शन शुक्रवार को आठवें दिन भी जारी रहा। आंदोलनकारियों ने स्पष्ट कर दिया है कि जब तक सरकार इस जनविरोधी प्रक्रिया को वापस नहीं लेती, तब तक उनका संघर्ष जारी रहेगा। आंदोलन के बीच शुक्रवार सुबह करीब 11 बजे डीआईजी स्टांप और एआईजी स्टांप ने प्रदर्शनकारी प्रतिनिधिमंडल को वार्ता के लिए बुलाया। अधिकारियों ने आंदोलन वापस लेने का आग्रह करते हुए तर्क दिया कि अभी मेरठ ई-रजिस्ट्री की प्रक्रिया में शामिल नहीं है। इस पर दस्तावेज लेखकों और अधिवक्ताओं ने कहा कि यह आंदोलन प्रदेशव्यापी है।
साथ ही कहा कि पूर्व में भी सरकार ने यही आश्वासन दिया था कि ऑनलाइन प्रक्रिया कुछ चुनिंदा जिलों तक सीमित रहेगी, लेकिन बाद में इसे पूरे प्रदेश में थोप दिया गया।उधर, मेरठ बार एसोसिएशन के अध्यक्ष और महामंत्री ने पूरे मामले पर चर्चा के लिए शाम चार बजे बैठक बुलाई। निर्णय लिया कि 20 जून को होने वाली केंद्रीय संघर्ष समिति के 22 जिलों की वर्चुअल बैठक में ई-रजिस्ट्री का विरोध किया जाएगा। लखनऊ में निबंधन आईजी के साथ प्रदेशभर के 11 सदस्यीय डेलिगेशन की वार्ता प्रस्तावित है। शुक्रवार को धरने की अध्यक्षता संरक्षक संजय गुप्ता व संचालन महामंत्री अनिल शर्मा ने किया। इस दौरान अरुण शर्मा, योगेंद्र शर्मा, योगेंद्र मलिक, संजय भारद्वाज, धर्म प्रकाश, सुधीर मलिक, हरीश मलिक, विनेश कुमार, राजीव तोमर, मनोज चौहान कुराली और आस मोहम्मद समेत अधिवक्ता और दस्तावेज लेखक उपस्थित रहे।
कृपया अपने अनुभव को रेट करें
शॉर्ट बायो :
राकेश प्रियदर्शी पिछले 25 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं और वर्तमान में हिन्दुस्तान में सेना और कैंट बोर्ड बीट को देख रहे हैं।
परिचय एवं अनुभव
राकेश प्रियदर्शी मीडिया जगत का एक प्रतिष्ठित नाम हैं जिन्हें पत्रकारिता में 25 वर्षों से अधिक का अनुभव है। वर्तमान में वह हिन्दुस्तान (हिन्दुस्तान टाइम्स ग्रुप) में पश्चिम उत्तर प्रदेश, मेरठ में सेना और कैंट बोर्ड टीम की लीड करते हैं। 2008 से इस भूमिका में रहते हुए उन्होंने डिजिटल एवं प्रिंट मीडिया में कंटेंट के बदलते ट्रेंड्स और पाठकों की रुचि पर मजबूत पकड़ बनाई है।
कॅरियर का सफर
राकेश प्रियदर्शी ने अपने कॅरियर की शुरुआत 2000 में हिन्दुस्तान जैसे प्रमुख अखबार से की जहां उन्होंने प्रिंट पत्रकारिता की बुनियादी समझ विकसित की। 2007 से 2008 तक दैनिक जागरण में डिजिटल के साथ काम किया। 2008 से हिन्दुस्तान में शुरुआत की। यहां उन्होंने सेना, कैंट बोर्ड की खबरों की विशेष कवरेज की।
शैक्षणिक पृष्ठभूमि
बीए (आनर्स) और मास कम्युनिकेशन में डिप्लोमा होने के साथ पत्रकारिता का अनूठा संयोजन मिला। लगातार सेना, कैंट बोर्ड और राजनीति, प्रशासनिक खबरों को कवर कर रहे हैं। राजनीति, प्रशासन, सेना और कैंट बोर्ड बीट पर अच्छी पकड़ है।
विजन
सेना और कैंट बोर्ड के विषयों पर गहरी समझ है। उनका मानना है कि पत्रकारिता की नींव तथ्यपरकता और विश्वसनीयता है। इस लक्ष्य के साथ ही पाठकों को सटीक, प्रमाणिक और सशक्त जानकारी देना है।
विशेषज्ञता
मेरठ समेत वेस्ट यूपी की राजनीति पर अच्छी समझ
प्रशासनिक गतिविधियों पर अच्छी पकड़
सेना और कैंट बोर्ड की गतिविधियों की एक्सप्लेनर रिपोर्टिंग।
आरएसएसविज्ञापन र॓टहमार॓ साथ काम करेंहमारे बारे मेंसंपर्क करेंगोपनीयतासाइट जानकारी
Advertise with usAbout usCareers Privacy Contact usSitemapCode Of Ethics
Partner sites: Hindustan TimesMintHT TechShineHT AutoHealthshotsHT SmartcastFAB Play

source.freeslots dinogame telegram营销

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Toofani-News