अलीगढ़, वरिष्ठ संवाददाता। हिंदी दिवस पर सोमवार को विभिन्न स्कूल-कॉलेजों व संस्थानों में विविध कार्यक्रम आयोजित कर हिंदी भाषा के प्रति प्रेम, सम्मान और गौरव की भावना को अभिव्यक्त किया गया। विद्यार्थियों ने निबंध, भाषण और कविता प्रतियोगिताओं में प्रतिभाग किया, वहीं शिक्षकों के लिए कार्यशालाओं का आयोजन कर हिंदी शिक्षण को अधिक प्रभावी और रुचिकर बनाने पर विचार-विमर्श हुआ। सांस्कृतिक प्रस्तुतियों और काव्य पाठ ने भी आयोजनों में समां बांधा। सहोदया स्कूल्स, अलीगढ़ के तत्वावधान में ब्रिलिएंट पब्लिक स्कूल के सभागार में समारोह व कार्यशाला आयोजित हुई। इसमें करीब 80 विद्यालयों के निदेशक, प्रधानाचार्य और हिंदी शिक्षक शामिल हुए। प्रख्यात कवि गौरव चौहान और सहोदया स्कूल्स के अध्यक्ष श्याम कुंतैल आदि ने दीप प्रज्ज्वलन कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया।
विद्यालय के विद्यार्थियों ने हिंदी साहित्य, नृत्य और काव्य पर आधारित प्रस्तुतियां दीं। गौरव चौहान ने हिंदी को मातृभाषा बताते हुए इसके प्रति गर्व की भावना रखने का संदेश दिया। श्याम कुंतैल ने कहा कि साहित्य व्यक्तित्व निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। कार्यशाला में रिसोर्स पर्सन नीलू भुगरा ने नवीन शिक्षण पद्धतियों, कक्षा प्रबंधन और विद्यार्थियों की सहभागिता बढ़ाने के उपाय बताए।धर्म समाज महाविद्यालय के हिंदी विभाग में प्राचार्य प्रो. मुकेश कुमार भारद्वाज, मुख्य अतिथि प्रो. मधुसूदन शर्मा सहित अतिथियों ने दीप प्रज्ज्वलन एवं माल्यार्पण कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। प्राचार्य ने हिंदी के वर्तमान परिदृश्य को अनुकूल बताया। श्री टीकाराम कन्या महाविद्यालय में हिंदी विभाग एवं इग्नू के संयुक्त तत्वावधान में समारोह हुआ। छात्रा गौरी शर्मा ने सरस्वती वंदना प्रस्तुत की। छात्राओं शाजिया और पलक ने हिंदी की महत्ता पर विचार रखे। हीरालाल बारहसैनी इंटर कॉलेज में भाषण एवं कविता प्रतियोगिता हुई। भूपेश कुमार ने प्रथम, सत्यम माहौर व कृष्णा कश्यप ने द्वितीय तथा सुमित कुमार व गुरमीत सिंह ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। नेशनल पब्लिक इंटर कॉलेज और विनीत इंटर कॉलेज में हिंदी निबंध प्रतियोगिताएं हुईं। दोनों संस्थानों में प्रबंधन व विद्यालय स्टाफ की मौजूदगी में कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। विनीत गौतम ने विद्यार्थियों को शुभकामनाएं दीं। मैक्सफोर्ट हॉस्पिटल में भी राष्ट्रीय हिंदी दिवस मनाया गया। निदेशक डॉ. चितरंजन सिंह ने हिंदी को सांस्कृतिक पहचान और अभिव्यक्ति का सशक्त माध्यम बताया।
हिन्दुस्तान भारत का एक प्रतिष्ठित हिंदी समाचार-पत्र है, जिसकी स्थापना 1936 में महामना पंडित मदन मोहन मालवीय ने की थी। स्वतंत्रता आंदोलन की विरासत को समेटे यह प्रकाशन आज भारत के सर्वाधिक पढ़े जाने वाले हिंदी समाचार-पत्रों में दूसरे स्थान पर है। WAN-IFRA के अनुसार, 2016 में ‘हिन्दुस्तान’ विश्व के शीर्ष 13 सर्वाधिक प्रसारित अखबारों में शामिल था। हर रोज 5 राज्यों सहित देश की राजधानी दिल्ली और एनसीआर (नोएडा, गाजियाबाद, गुरुग्राम) में 23 संस्करण प्रकाशित होते हैं। ‘पाठक सर्वोपरि’ हिन्दुस्तान की संपादकीय नीति है। समय पर, शोध और गहन खोजबीन के बाद विस्तार से न्यूज रिपोर्ट प्रकाशित की जाती है। हर खबर में सभी पक्षों और दृष्टिकोणों को संतुलित रूप से पेश किया जाता है।
आरएसएसविज्ञापन र॓टहमार॓ साथ काम करेंहमारे बारे मेंसंपर्क करेंगोपनीयतासाइट जानकारी
Advertise with usAbout usCareers Privacy Contact usSitemapCode Of Ethics
Partner sites: Hindustan TimesMintHT TechShineHT AutoHealthshotsHT SmartcastFAB Play