Feedback
दिल्ली की सर्दियां अब स्मॉग और धुंध की मार झेलने का समय बन गई हैं. हर साल नवंबर-दिसंबर में हवा जहरीली हो जाती है,जिसे ‘अदृश्य शैतान’ कहा जाता है. 2025 की सर्दी के लिए दिल्ली सरकार और केंद्रीय एजेंसियां तैयारी में जुटी हैं. लेकिन क्या ये कदम काफी हैं?
2024 में दिल्ली का AQI बहुत बुरा रहा. PM2.5 का स्तर 104.51 माइक्रोग्राम प्रति क्यूबिक मीटर पहुंचा, जो देश के मानक से 2.6 गुना और WHO से 20.9 गुना ज्यादा था. PM10 212.08 पर था, जो मानक से 3.5 गुना ऊपर.
वजहें: गाड़ियां, बिजलीघर, पराली जलाना. सर्दी में हवा ठहर जाती है, ला नीना का असर बढ़ाता है. इससे सांस की बीमारियां, दिल की दिक्कतें और मौतें बढ़ती हैं.
यह भी पढ़ें: दिसंबर में लॉन्च होगा व्योममित्र, गगनयान कैप्सूल से जोड़ा जा रहा है 
दिल्ली सरकार ने विंटर एक्शन प्लान 2025 लॉन्च किया. पर्यावरण मंत्री मंजिंदर सिंह सिरसा कहते हैं कि हम EV चार्जिंग बढ़ा रहे, कचरा साफ कर रहे, सड़कें ठीक कर रहे. मुख्य कदम…
CAQM ने GRAP को साल भर का प्लान बना दिया. AQI के हिसाब से स्टेज 1 से 4 तक सख्ती. अगस्त 2025 तक 5.95 लाख चालान कटे.
यह भी पढ़ें: चीन-पाक सीमा पर तैनात होगा ‘अनंत शस्त्र’, एयर डिफेंस मिसाइल सिस्टम के लिए 30 हजार करोड़ का टेंडर
एक्सपर्ट कहते हैं, प्लान अच्छा लेकिन अमल कम. गाड़ियों और बिजलीघरों में सुधार नहीं. EV पॉलिसी लटकी हुई. पराली जलाने का समय कम हुआ (त्योहार अक्टूबर में), लेकिन समस्या बाकी. भ्रष्टाचार और ढील से बचना पड़ेगा.
लंबी योजना चाहिए: गाड़ियां कम, इंडस्ट्री साफ, कचरा न जलाओ. शहर पैदल चलने वालों के लिए बनाओ – अच्छे फुटपाथ, बस लेन. कचरा अलग करो, कंपोस्ट बनाओ. पुराने पेड़ बचाओ. स्रोत से प्रदूषण रोको, तो हवा साफ होगी. दिल्ली की हवा सबकी जिम्मेदारी. प्लान सख्ती से चले, तो ‘शैतान’ हार सकता है. मास्क लगाओ, पब्लिक ट्रांसपोर्ट यूज करो.
Copyright © 2025 Living Media India Limited. For reprint rights: Syndications Today
होम
वीडियो
लाइव टीवी
न्यूज़ रील
मेन्यू
मेन्यू