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ब्रिटेन की संसद में ‘ग्रूमिंग गैंग्स’ (नाबालिगों का यौन शोषण करने वाले गिरोह) के पुराने विवाद ने एक बार फिर तूल पकड़ लिया है. ब्रिटिश सांसद रूपर्ट लोव ने संसद में एक झकझोर देने वाला भाषण दिया. इस दौरान उन्होंने इस भयानक शोषण से बचीं बहादुर पीड़ित लड़कियों के बयानों को सबके सामने पढ़ा.
लोव ने सांसदों से अपील की कि वो इन पीड़ितों की दर्दनाक दास्तां को सुनें और सख्त कदम उठाएं. उन्होंने बताया कि पिछले साल उनके नेतृत्व में हुई एक निजी जांच में ब्रिटेन के कम से कम 85 इलाकों में ऐसे ‘गैंग-आधारित बाल यौन शोषण’ की पहचान की गई थी.
सांसद लोव के बयान के मुताबिक, मुख्य रूप से पाकिस्तानी मूल के पुरुषों के ये ‘रेप गैंग’ पिछले कई दशकों से एक्टिव हैं. उन्होंने कहा कि इसमें मुख्य रूप से पाकिस्तानी पुरुषों का एक खास पैटर्न और सरकारी संस्थाओं की भारी लापरवाही साफ दिखाई देती है.
संसद में पढ़ी गईं दिल दहला देने वाली दास्तां
सांसद लोव ने संसद में जो बयान पढ़े, वो रोंगटे खड़े कर देने वाले थे. एक पीड़िता ने बताया, ‘जब मैं करीब 12 या 13 साल की थी, तब एक शख्स ने मेरे साथ गलत काम किया. इसके बाद उसने जैक डेनियल्स शराब की एक खाली बोतल मेरे शरीर के अंदर डाल दी, जिससे कांच अंदर ही टूट गया.’
दूसरी पीड़िता ने बताया, ‘ये सब तब शुरू हुआ जब मैं 13 साल की थी. तीन सालों के दौरान करीब 600 से 700 अलग-अलग पुरुषों ने मेरा रेप किया.’
एक पीड़ित लड़की के मुताबिक, ‘ईद और छुट्टियों के आसपास जुल्म बहुत ज्यादा बढ़ जाता था. तब पार्टियां बड़ी, ज्यादा हिंसक और भयानक हो जाती थीं, जिनमें कई लड़कियों को शामिल किया जाता था.’
एक महिला ने गवाही दी कि उसने अपनी आंखों से 15 से 20 महिलाओं को पिंजरों में बंद देखा था. एक पीड़िता ने बताया कि उसे जानवरों के साथ दरिंदगी करने पर मजबूर किया गया और लोग मदद करने के बजाय हंसते हुए इसका वीडियो बना रहे थे.
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धर्म और नस्ल को बनाया हथियार
पीड़ितों ने आरोप लगाया कि आरोपी उनकी नस्ल और धर्म का इस्तेमाल उन्हें मानसिक रूप से तोड़ने के लिए करते थे. एक पीड़िता ने बताया, ‘वो लगातार कहते थे कि गोरी और ईसाई लड़कियों का कोई कैरेक्टर या वैल्यू नहीं होती, जबकि मुस्लिम लड़कियों की गरिमा और ऊंचा स्थान होता है. वो ऐसे तुलना करके हमारे साथ किए जाने वाले बुरे बर्ताव को सही ठहराते थे.’
दूसरी पीड़िता ने बताया कि जब वो गले में अपना पवित्र क्रॉस पहनती थी, तो उसका मजाक उड़ाया जाता था. आरोपी उससे कहते थे, ‘अब तुम्हारा भगवान कहां है? क्या तुम्हारे भगवान ने तुम्हें छोड़ दिया?’
पुलिस और अस्पतालों पर भी उठे सवाल
सांसद के पढ़े गए बयानों में पुलिस और स्वास्थ्य व्यवस्था पर भी गंभीर आरोप लगाए गए हैं. एक पीड़िता ने दावा किया, ‘शोषण के दौरान देश के अलग-अलग हिस्सों में कई पुलिस अधिकारियों ने भी मेरा रेप किया.’
एक पीड़िता ने बताया, ‘जब मैं 15 साल की थी, तब मेरे शरीर से खून बह रहा था और मैं बैठ भी नहीं पा रही थी. जब मैं अस्पताल गई, तो डर के मारे मैंने सच नहीं बताया और कहा कि मेरी ड्रिंक में कुछ मिला दिया गया था. डॉक्टरों ने बिना कोई सवाल पूछे मुझे कुछ दवाइयां दीं और डिस्चार्ज कर दिया.’
क्या हैं ब्रिटेन के ‘ग्रूमिंग गैंग्स’?
ब्रिटेन में ‘ग्रूमिंग गैंग्स’ शब्द का इस्तेमाल उन मामलों के लिए होता है, जहां कमजोर और बेसहारा बच्चों या किशोरियों को बहला-फुसलाकर, नशा देकर या डरा-धमकाकर लंबे समय तक कई पुरुष उनका यौन शोषण करते हैं. रॉदरहैम, रॉशडेल और ओल्डहैम जैसे शहरों में हुई जांच के बाद ये पूरा स्कैंडल दुनिया के सामने आया था.
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सांसद रूपर्ट लोव ने अपने भाषण में कहा कि आने वाले दिनों में इस स्वतंत्र जांच की पूरी रिपोर्ट जारी की जाएगी, जो ब्रिटेन को हमेशा के लिए बदल कर रख देगी. उन्होंने सभी सांसदों से इस दिशा में तुरंत ठोस कार्रवाई करने की मांग की है.
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